Monday, October 5, 2026
24 C
Bhopal

छत्तीसगढ़ में तीन साल में अमानक दवाओं के 96 मामले, सजा एक में भी नहीं

आकाश शुक्ला (रायपुर)। प्रदेश में अमानक और अवैध दवाओं को लेकर औषधि विभाग कितना गंभीर है, इसे इस बात से आसानी से समझा जा सकता है कि पिछले तीन वर्षों में पकड़े गए 96 मामलों में एक में भी सजा नहीं हुई है। इनमें से ज्यादातर मामलों को विभाग कोर्ट ही नहीं पहुंचा पाया। ऐेसे में विभाग भी संदेह के दायरे में आ गया है। वहीं उसके ढीले रवैये से इस काम में लगे लोग बेखौफ होकर अपना काम कर रहे हैं।

औषधि विभाग के अनुसार प्रदेश में वर्ष 2019-20 में लिए गए 480 सैंपल की जांच में अमानक और अवैध दवाओं के 32 मामले सामने आए थे। इसी तरह वर्ष 2020-21 में 689 सैंपल की जांच में 40 व वर्ष 2021-22 में अब तक 24 मामले सामने आए हैं। विभागीय अधिकारियों की सुस्त कार्रवाई के चलते इनमें से ज्यादातर मामले समय पर कोर्ट तक नहीं पहुंच पाए। जो पहुंचे भी उनमें केस ऐसे कमजोर बना देने की बात सामने आ रही है। ऐसे में दोषी आसानी से बच निकले हैं। विभाग अपनी नाकामियों को छिपाने के लिए भले ही कानूनी प्रक्रिया का हवाला दे रहा है, लेकिन आंकड़े उसकी कार्यप्रणाली की पोल खोल रहे हैं।

आधे केस में ही चालान

औषधि विभाग के अनुसार अधिकारी तीन सालों में प्रदेशभर में सामने आए 96 मामलों में से आधे में ही कोर्ट के समक्ष चालान पेश कर पाए हैं। इसमें वर्ष 2020 में 18, वर्ष 2021 में 17 और 2022 जनवरी से अब तक 14 प्रकरणों में कोर्ट में चालान प्रस्तुत कर पाए हैं।

राज्य में ऐसे सामने आए आमनक दवाओं के मामले

मामला 2021 का है। राज्य के सरकारी अस्पतालों में सर्जरी व घाव में संक्रमण से बचाव के लिए पोविडोन आयोडीन दवा की आपूर्ति की गई थी। लगातार शिकायत के बाद जांच में दवा अमानक निकली। शासन ने तत्काल प्रदेशभर के अस्पतालों से दवाओं को मंगाने का आदेश दिया। इसे छत्तीसगढ़ मेडिकल सर्विसेज कार्पोरेशन (सीजीएमएससी) ने सप्लाई किया था। जांच अब भी अधूरी है।

राजधानी के देवपुरी स्थित गौतम मेडिकल स्टोर में छापा मारकर 20 लाख रुपये की 80 हजार एंटीबायोटिक गोलियों की जब्ती बनाई थी। जांच में दवा नकली पाई गई थी। जांच में सामने आया कि हिमाचल प्रदेश में एक अवैध फैक्ट्री में यह दवा बनाकर छत्तीसगढ़ में खपाई जा रही थी। इस मामले के दोषियों को अब तक सजा नहीं मिली है।

प्रदेश में दवाओं की जांच व अमानक मामले

वर्ष – सैंपल – अमानक

2018-19 – 450 – 07

2019-20 – 480 – 32

2020-21 – 689 – 40

2021-22 – 820 – 24

नियम के तहत होती है कार्रवाई

अमानक व अवैध दवाओं के मामले में नियम के तहत कार्रवाई की जाती है। हमारी कोशिश रहती है कि जल्द से जल्द जांच कर कोर्ट में चालान प्रस्तुत करें। इसके लिए सभी जिलों को निर्देशित भी किया गया है।

-केडी कुंजाम, ड्रग कंट्रोलर, छत्तीसगढ़

Hot this week

एसबीआई बैंक में टिफिन कम मिलने पर गार्ड ने की फायरिंग, सनसनी

​नरसिंहपुर: स्थानीय एसबीआई की एसीबी शाखा में रविवार रात करीब...

पुलिस ने पकड़ी 31 हजार से ज्यादा की अवैध शराब, एक गिरफ्तार

​बड़ौद (आगर मालवा): आबकारी अधिनियम के तहत अवैध शराब तस्करों...

मझगांय डैम परियोजना: 24वें दिन भी जारी रहा ‘चिता आंदोलन’, अस्पताल से भी आमरण अनशन पर डटे हैं अमित भटनागर

​पन्ना/रीवा ​मझगांय डैम परियोजना से प्रभावित आदिवासी परिवारों के मुआवजे...

विदिशा पुलिस का बड़ा एक्शन: ब्राउन शुगर तस्करी के बड़े नेटवर्क का पर्दाफाश, महिला समेत 6 तस्कर गिरफ्तार

​गंजबासौदा/विदिशा ​विदिशा पुलिस ने नशे के अवैध कारोबार के खिलाफ...

Topics

एसबीआई बैंक में टिफिन कम मिलने पर गार्ड ने की फायरिंग, सनसनी

​नरसिंहपुर: स्थानीय एसबीआई की एसीबी शाखा में रविवार रात करीब...

पुलिस ने पकड़ी 31 हजार से ज्यादा की अवैध शराब, एक गिरफ्तार

​बड़ौद (आगर मालवा): आबकारी अधिनियम के तहत अवैध शराब तस्करों...

मझगांय डैम परियोजना: 24वें दिन भी जारी रहा ‘चिता आंदोलन’, अस्पताल से भी आमरण अनशन पर डटे हैं अमित भटनागर

​पन्ना/रीवा ​मझगांय डैम परियोजना से प्रभावित आदिवासी परिवारों के मुआवजे...

सरकारी लोन दिलाने के नाम पर रिटायर्ड सब-इंस्पेक्टर से 40 लाख की धोखाधड़ी

​इंदौर: राजेंद्र नगर थाना क्षेत्र में सरकारी लोन दिलाने का...
spot_img

Related Articles

Popular Categories

spot_imgspot_img