इंदौर के एरोड्रम थाना क्षेत्र में रहने वाले एक व्यक्ति के साथ ऑनलाइन ठगी का मामला सामने आया है। पीड़ित से नवंबर 2025 में संपर्क कर आरोपियों ने कई ट्रांजेक्शन के जरिए 8 लाख 24 हजार रुपए अपने खातों में ट्रांसफर करवा लिए। पीड़ित ने पहले साइबर हेल्पलाइन पर शिकायत की थी, जिसके बाद मामला एरोड्रम पुलिस को सौंपा गया।
एरोड्रम पुलिस के अनुसार, अंबिकापुरी निवासी प्रवीण सोनी की शिकायत पर अज्ञात मोबाइल धारक के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई है। प्रवीण जेसीबी संचालन का काम करते हैं। उन्होंने फेसबुक पर काम से जुड़ा अपना कार्ड डाला था। नवंबर में उनके पास एक व्हाट्सएप नंबर से लिंक आया, जो कंगन शॉप के नाम से था। इसमें 20% मुनाफे का दावा किया गया था।
जब प्रवीण ने उस नंबर पर कॉल किया, तो एक महिला ने उन्हें ऑनलाइन काम का प्लान समझाया और बताया कि भुगतान करने पर ऑनलाइन सामान मिलेगा, जिस पर 20% लाभ होगा। इसके बाद प्रवीण ने “वैभवी स्टोर” के नाम से कंगन शॉप पर ऑनलाइन शॉप खोली।
ऑन लाइन जमा कराए करीब 8 लाख रुपए
5 दिसंबर से 22 दिसंबर के बीच प्रवीण से फोन-पे और गूगल-पे के जरिए कुल 8 लाख 24 हजार रुपए जमा करवाए गए। शुरुआत में खाते में मुनाफा दिखाया गया, लेकिन जब रकम निकालने की कोशिश की गई तो मना कर दिया गया। बाद में खाता ब्लॉक हो गया, जिससे उन्हें ठगी का शक हुआ।
इसके बाद उन्होंने साइबर हेल्पलाइन पर शिकायत की। 5 जनवरी के आसपास जिस महिला ने संपर्क किया था, उसने अपना मोबाइल नंबर भी ब्लॉक कर दिया। बुधवार को एरोड्रम थाने में एफआईआर दर्ज की गई।
परिचित बनकर महिला से 97 हजार की ठगी
इधर, लसूडिया थाना क्षेत्र में रहने वाली एक महिला से परिचित बनकर कॉल कर 97 हजार रुपए की ठगी का मामला सामने आया है। लसूडिया पुलिस ने मोबाइल नंबर के अज्ञात धारक के खिलाफ एफआईआर दर्ज की है।
बुधवार को रेखा तिवारी निवासी हैप्पी होम्स, ओमैक्स सिटी-1 थाने पहुंचीं। उन्होंने बताया कि 6 जनवरी की रात उनके पास एक नंबर से कॉल आया। कॉल करने वाले ने खुद को उनका परिचित “भाई मन्नू” बताया और कहा कि उसकी दोस्त अस्पताल में भर्ती है और हार्ट का ऑपरेशन चल रहा है।
आरोपी ने कहा कि उसके खाते में पैसे ट्रांसफर नहीं हो पा रहे हैं और जल्दबाजी में रेखा से कहा कि वे डॉक्टर हेमा के खाते में पैसे डाल दें। इसके बाद आरोपी ने क्यूआर कोड भेजा, जिस पर रेखा ने 97 हजार रुपये ट्रांसफर कर दिए।
कुछ देर बाद जब उस नंबर पर कॉल किया गया तो मोबाइल स्विच ऑफ मिला और महिला के खाते में भी पैसे वापस नहीं आए। तब उन्हें ठगी का पता चला। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
आईटी इंजीनियर से 6.58 लाख की ऑनलाइन ठगी
राजेंद्र नगर थाना क्षेत्र में भी एक आईटी इंजीनियर के साथ ऑनलाइन ठगी का मामला दर्ज किया गया है। सजल अग्रवाल पेशे से आईटी इंजीनियर हैं। उन्होंने बताया कि 21 दिसंबर को उनके व्हाट्सएप पर एक मैसेज आया, जिसमें गूगल पर रिव्यू देने के बदले पैसे कमाने का ऑफर दिया गया था।
इसके बाद उन्हें टेलीग्राम पर एक लिंक भेजा गया। इस बिजनेस में मुनाफा दिखाकर अलग-अलग समय पर सजल से करीब 6 लाख 58 हजार रुपए यूपीआई और अन्य माध्यमों से जमा करवा लिए गए। बाद में जब टेलीग्राम पर बनाए गए अकाउंट से पैसे निकालने की कोशिश की गई, तो अकाउंट ब्लॉक कर दिया गया।
आरोपियों ने इसके बाद 4 लाख रुपए की और मांग की। पीड़ित ने साइबर हेल्पलाइन पर शिकायत दर्ज कराई, जिसके आधार पर राजेंद्र नगर पुलिस ने एफआईआर दर्ज की है।




