मध्य प्रदेश रियल एस्टेट नियामक प्राधिकरण (रेरा) के चेयरमैन एपी श्रीवास्तव के खिलाफ आर्थिक अपराध शाखा (EOW) ने शिकायत दर्ज की है। उन पर भ्रष्टाचार और नियमों के उल्लंघन के आरोप हैं।
ये शिकायत प्रभाष जेटली नाम के व्यक्ति ने दर्ज कराई है। जिसमें श्रीवास्तव पर रेरा में नियुक्तियों में गड़बड़ी करने और एक बिल्डर से आवासीय प्लॉट लेने जैसे गंभीर आरोप हैं। एपी श्रीवास्तव 1984 बैच के IAS रहे हैं। रिटायरमेंट से पहले वे प्रशासन अकादमी में डीजी रहे।

रेरा चेयरमैन एवं रिटायर आईएएस एपी श्रीवास्तव।
जानिए क्या है शिकायत में?
शिकायत के मुताबिक रेरा में अलग-अलग पदों पर भर्ती प्रक्रिया में धांधली की गई है। रेरा में न्याय निर्णय अधिकारी के दो स्वीकृत पदों में से एक पद का विज्ञापन जारी किया गया, जबकि दूसरा पद बिना विज्ञापन के भर दिया गया।
इसके अलावा दूसरी भर्तियों में संविदा नियुक्ति के लिए तय आयु सीमा 65 वर्ष से अधिक नहीं हो सकती। श्रीवास्तव पर आरोप है कि उन्होंने नियमों की अनदेखी करते हुए 65 वर्ष से अधिक आयु के व्यक्ति को भी नियुक्ति दे दी।
जमीन खरीदने के भी हैं आरोप
श्रीवास्तव पर आरोप है कि उन्होंने आकृति बिल्डर के खिलाफ चल रही जांच के बीच उसी से आवासीय भूखंड खरीदा है। हालांकि इस आरोप में कितनी सच्चाई है इसका खुलासा जांच के बाद ही हो सकेगा।
अब तक आरोपों की पुष्टि नहीं
शिकायत की गंभीरता को देखते हुए आर्थिक अपराध शाखा (EOW) ने FIR दर्ज कर ली है। हालांकि, अब तक लगाए गए आरोपों की सच्चाई की पुष्टि नहीं हो सकी है। EOW की जांच के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि श्रीवास्तव के खिलाफ लगाए गए आरोप कितने सही हैं।

रेरा अध्यक्ष के तौर पर एपी श्रीवास्तव का कार्यकाल 5 साल तय किया गया है।
पांच साल के लिए बनाए गए हैं रेरा अध्यक्ष
1984 बैच के IAS एपी श्रीवास्तव 31 मार्च को रिटायर हुए थे। नगरीय प्रशासन एवं आवास विभाग के आदेश के मुताबिक श्रीवास्तव का कार्यकाल 5 साल तय किया गया है। इससे पहले प्रदेश के पूर्व मुख्य सचिव एंटोनी डिसा रेरा के अध्यक्ष रहे। उनकी नियुक्ति शिवराज सरकार ने 4 साल के लिए की थी। हालांकि कार्यकाल पूरा होने से पहले सितंबर 2020 में उन्हें पद से हटा दिया गया था।
ये भी थे दावेदार, श्रीवास्तव को मिला मौका
रेरा अध्यक्ष बनने के लिए अप्रैल 2021 में रिटायर होने वाले IAS अफसर और पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग के अपर मुख्य सचिव मनोज श्रीवास्तव और अगस्त में रिटायर होने वाले IAS और कृषि उत्पादन आयुक्त केके सिंह सहित 6 अफसरों ने रेरा अध्यक्ष बनने के लिए आवेदन किया था। विभाग ने मुख्यमंत्री को दो नामों का पैनल भेजा था, जिसमें एपी श्रीवास्तव के अलावा केके सिंह का नाम था।
इन पदों पर रह चुके हैं एपी श्रीवास्तव
रिटायरमेंट से पहले श्रीवास्तव प्रशासन अकादमी में डीजी रहे। इसके बाद फरवरी 2020 में वन विभाग में अपर मुख्य सचिव पदस्थ रहे। इस दौरान संभावना जताई जा रही थी कि श्रीवास्तव को मार्च में मुख्य सचिव बनाया जा सकता है। लेकिन इस बीच वे 5 महीने के अवकाश पर चले गए थे। तब कमलनाथ सरकार ने एसआर मोहंती को मुख्य सचिव बना दिया था।




