आलमी तब्लीगी इज्तिमा के दूसरे दिन की शुरुआत फजिर की नमाज के बाद मेवात से आए मौलाना उमर मनि के बयान के साथ हुई। उन्होंने लोगों से नेकी के रास्ते पर चलने का कहा। इसके अलावा एक-दूसरे से भलाई के साथ सुलूक पर भी जोर दिया।
जोहर के बाद दिल्ली से आए मौलाना यूसुफ की तकरीर हुई। उन्होंने कहा कि न ब्याज से रुपए लें और ना ही दें। अल्लाह पर यकीन रखा जाए तो हर रास्ता आसान हो सकता है। बड़े-बड़े लश्कर सहाबियों के सामने कई बार छोटे साबित हुए हैं, इसलिए हम यकीन से ही अपनी आखरत को बेहतर बना सकते हैं।
शनिवार को करीब 5 लाख से अधिक लोग यहां पहुंचे हैं एक अनुमान के मुताबिक रविवार को इज्तिमा गाह में लाखों की तादाद में लोग पहुंचेंगे। यह संख्या करीब 7 से 8 लाख तक पहुंच सकती है।
| इज्तिमा गाह पर नमाज का वक्त | |
| फजिर | सुबह 6.15 बजे |
| जौहर | दोपहर 1.30 बजे |
| असीर | शाम 4.15 बजे |
| मगरिब | शाम 5.40 बजे |
| ईशा | बयान पूरा होने के बाद |
इज्तिमा कमेटी के मीडिया को-ऑर्डिनेटर डॉ. उमर हफीज ने बताया कि
भोपाल में 29 नवंबर से 2 दिसंबर तक इज्तिमा का आयोजन होगा। इस बार करीब 600 एकड़ एरिया में व्यवस्थाएं की गई हैं, जिसमें 300 एकड़ में पार्किंग, 100 एकड़ में पंडाल और 200 एकड़ में अन्य व्यवस्थाएं, जैसे फूड जोन, वजू खाना, वॉशरूम आदि शामिल हैं।
दूसरी तरफ अगर आप इज्तिमा में जा रहे हैं और आपकी गाड़ी पंचर हो गई है या फिर पहुंचने के बाद कोई दिक्कत आ गई है तो आपको फ्रिक करने की जरूरत नहीं है, क्योंकि इज्तिमा में इस मैकेनिक जमात के करीब 80 लोग मौजूद हैं, यह यहां आने वाले लोगों को परेशानी से बचने के लिए अपनी सर्विस निशुल्क रूप से दे रहे हैं। इज्तिमा कमेटी की माने तो रोजाना 20 से अधिक दो पहिया या चार पहिया वाहनों को यह लोग मैनेज कर रहे हैं। इनके हेल्पलाइन नंबर भी जारी किए गए हैं।

देश भर से आई जमातें
आलमी तब्लीगी इज्तिमा में देश के अलग-अलग हिस्सों से लोग इज्तिमा स्थल ईंटखेड़ी पहुंचे, जिसमें मुख्य रूप से राजस्थान, बिहार, हिमाचल, कश्मीर, उत्तर प्रदेश, महाराष्ट्र, केरल, तमिलनाडु के अलावा विदेशों से आईं जमातें भी शामिल हैं।
पहले दिन करीब ढाई लाख लोग यहां पहुंचे थे, इसी तरह वीकेंड पर यह संख्या पांच लाख के करीब पहुंचने की संभावना है, क्योंकि शनिवार व रविवार को भोपाल का एक बड़ा मजमा यहां पहुंचने वाला है। इसमें अधिकतर लोग वह होंगे जो शहर से पहुंचेंगे।

झलकियां
- इज्तिमागाह पर बढ़ती जमातियों की तादाद का असर अभी से दिखाई देने लगा है। यहां गुरुवार शाम से ही मोबाइल नेटवर्क ध्वस्त होने लगा है।
- इज्तिमागाह के आसपास खानपान और अन्य जरूरी सामान की दुकानें खुल गई हैं।
- अचानक बदले मौसम के चलते लोगों को गर्म कपड़ों की जरूरत महसूस हो रही है। इसके लिए फुटपाथ और अस्थाई दुकानों से जैकेट, स्वेटर, कंबल आदि बिक रहे हैं।
- इज्तिमा के दौरान हलवा पराठा, सोहन हलवा, मैसूर पाक की खास बिक्री होती है। काजी कैंप से लेकर इज़्तिमागाह तक इन पकवानों की कई दुकानें खुल गई हैं।
- इज्तिमागाह के आसपास बन गए मैरिज गार्डन, पक्के मकान और आवासीय क्षेत्र को लोगों ने इज्तिमा शुरू होने से पहले ही बुक कर लिया था। वे अब परिवार या दोस्तों के साथ रुककर यहां से इज्तिमा में शिरकत कर रहे हैं।
- रास्तों में फ्री चाय नाश्ते का इंतजाम भी लोग अपने लेवल पर इज्तिमा में शरीक होने वाले लोगों के लिए कर रहे हैं।

आपको पता भी नहीं चलेगा और गाड़ी हो जाएगी ठीक उमर हफीज ने बताया कि इज्तिमा स्थल पर मैकेनिक जमात तैयार की गई है। ये जमात आयोजन स्थल पर खराब होने वाली गाड़ियों को तत्काल रिपेयर करेगी। कमेटी ने आयोजन स्थल पर हर जगह पोस्टर लगाएं है कि अगर किसी का वाहन खराब हो जाए तो हमारी मैकेनिक जमात को कॉल करके जानकारी दें। जैसे ही वो मैकेनिक जमात को कॉल करेंगे तो तुरंत ही जमात की टीम मौके पर पहुंचकर ऑन स्पॉट गाड़ी को ठीक करेंगे।
इसके अलावा मैकेनिक जमात के लोग पार्किंग स्थल पर भी घूमते रहते हैं। वहां जैसे ही वो किसी गाड़ी में पंचर या कोई समस्या देखतें है तो अपने आप ठीक कर देते हैं। गाड़ी मालिक को भी नहीं पता लगता कि उनकी गाड़ी रिपेयर कर दी गई है। मैकेनिक जमात का काम ही ये है कि आयोजन स्थल पर कोई भी गाड़ी में कोई समस्या हो तो उसे ऑन स्पॉट जल्द से जल्द ठीक करें।
गाड़ी के लिए हेल्प लाइन नंबर
- 9302342377
- 9303063590
- 883 992 7882
करीब 2 लाख वाहनों के आने की उम्मीद
- इस बार 300 से ज्यादा जमातें मध्यप्रदेश से आएंगी।
- 60 हजार से अधिक चार पहिया वाहनों की पार्किंग का इंतजाम।
- सवा लाख से अधिक दोपहिया वाहन की पार्किंग की जगह।
- एक हजार से अधिक ऑटो और 2 हजार से अधिक बसें भी हो सकेंगी पार्क।

इस बार 12 लाख लोगों के आने की उम्मीद इस बार के इज्तिमा में मेट्रो निर्माण का काम रुकावट नहीं बने, इसलिए भोपाल टॉकीज से करौंद तक के एरिया में बैरिकेडिंग कम की जाएगी। इज्तिमा के पहले दिन से लेकर तीसरे दिन तक 8 लाख लोग जमा होते हैं। आखिरी दिन दुआ में शामिल होने के लिए 4 लाख से अधिक लोग और पहुंचते हैं। इस बार 12 लाख से ज्यादा लोगों के आने की उम्मीद है।
इस साल 61 की बजाय 66 पार्किंग
इज्तिमा के आयोजन स्थल के बारे में डॉ. उमर ने बताया कि इज्तिमा के दो प्रमुख पहलू होते हैं—इंटरनल और एक्सटर्नल। एक्सटर्नल पहलू में ट्रैफिक और पार्किंग का मुद्दा आता है। पिछले साल के मुकाबले इस बार पार्किंग क्षेत्र को बढ़ाकर 300 एकड़ कर दिया गया है। इसके अलावा 61 की बजाय इस बार 66 पार्किंग बनाए गए हैं। वहीं, अंदर के क्षेत्र में भी पिछले साल के मुकाबले 50 एकड़ अधिक 300 एकड़ क्षेत्र का उपयोग किया जाएगा, जिसमें पंडाल, फूड जोन, इमरजेंसी एरिया, वजू खाना और अन्य सुविधाएं शामिल हैं। हमारे पास कुल 600 एकड़ का एरिया है, जिसका यूज इज्तिमा के लिए हो रहा है।
रास्तों का जिम्मा वॉलेंटियर्स पर
इज्तिमा पहुंच मार्ग की यातायात व्यवस्था वालेंटियर्स ने संभाल रखी है। भोपाल टॉकीज, डीआईजी बंगला, करोंद और इस्लाम नगर तिराहे पर यह वालेंटियर्स व्यवस्था बनाए हुए। इस व्यवस्था में पुलिस का सहयोग बैक ग्राउंड में ही दिखाई दे रहा है।




