अकाउंटेंट ने पत्नी के सामने अपने ससुराल में जहर खा लिया। चार घंटे चले इलाज के बाद उसने दम तोड़ दिया। उसके आखिरी शब्द थे- ‘पत्नी की वजह से जहर खाया है। मैंने उसे पैकेट दिखाया था। बोला- मर रहा हूं। उसने कहा- मर जा।’
मामला भरतपुर के अटल बंद थाना इलाके के बजरंग नगर का है। युवक ने 8 साल पहले लव मैरिज की थी। तब से पति-पत्नी अपने परिवार से अलग रह रहे थे। करीब एक साल पहले युवक पत्नी-बच्चों के साथ माता-पिता के घर रहने आ गया था। लेकिन, एक महीने पहले उसकी पत्नी मायके चली गई।
परिजन का आरोप है कि बहू अपने पीहर वालों के बहकावे में आ गई। बेटा जब भी मिलने जाता, ससुराल वाले उससे मारपीट करते।
ASI हरीश ने बताया- सोमवार को बजरंग नगर निवासी चंद्रपाल सिंह ने रिपोर्ट दी। इसमें बताया कि गौरव ने 1 जून को शाम 4 बजे जहरीला पदार्थ खा लिया था। उसे RBM हॉस्पिटल में भर्ती करवाया, जहां रात 8 बजे उसकी मौत हो गई।
गौरव के पिता ने उसकी पत्नी मोना, सास मंजीत और दादा ससुर शेरसिंह के खिलाफ मामला दर्ज करवाया है। जांच जारी है। जो भी आरोपी होगा, उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
8 साल पहले की थी लव मैरिज पिता चंद्रपाल सिंह ने रिपोर्ट में बताया कि बेटे गौरव ने 2017 में जवाहर नगर निवासी मोना से लव मैरिज की थी। गौरव एक प्राइवेट कंपनी में अकाउंटेंट था। मोना के परिवार वाले इस शादी से खुश नहीं थे। वह गौरव और हमारे परिवार को जान से मारने की धमकी देकर प्रताड़ित करने लगे थे।
इस डर के कारण गौरव मोना को लेकर भरतपुर से बाहर रहने लगा। जब गौरव और मोना के दो बच्चे (लड़के) हो गए तो गौरव मोना को लेकर सालभर पहले हमारे घर आ गया। इसके बाद मोना के परिजन भी हमारे घर मिलने आने लगे।
बच्चों से मिलने नहीं देते थे, मारपीट करते करीब एक महीने पहले मोना के परिजन उसे हमारे घर से ले गए। अपने घर ले जाकर गौरव के खिलाफ भड़काया। जब गौरव उसे लेने गया तो मोना के परिजनों ने उसे भेजने से मना कर दिया।
गौरव जब भी मोना और बच्चों से मिलने जाता तो उसे मिलने नहीं दिया जाता। मोना की मां मंजीत कौर और दादा शेरसिंह गौरव से मारपीट करते। इससे गौरव मानसिक रूप से परेशान रहने लगा। गौरव के ससुराल वाले उसे तरह-तरह से परेशान करने लगे।
पत्नी बोली- मर जा पिता चंद्रपाल सिंह ने बताया- मोना के पीहर वालों ने गौरव के खिलाफ घरेलू हिंसा का झूठा मुकदमा दर्ज करवा दिया था। 1 जून को गौरव मोना और बच्चों से मिलने के लिए ससुराल गया था। तब गौरव के साथ मोना, उसकी मां मंजीत कौर और दादा शेरसिंह ने मारपीट की और घर से भगा दिया।
पिता ने कहा कि गौरव वेंटिलेटर पर था। जब उससे पूछा कि जहरीला पदार्थ क्यों खाया, तो उसने कहा- पत्नी के कारण, मेरी बीवी की वजह से। उसने बताया कि मैंने उसे पुड़िया दिखाई थी, बोला था कि मर जाऊंगा। पत्नी ने कहा- मर जा।




