बड़वानी जिले के पलसूद स्थित कस्तूरबा गांधी बालिका छात्रावास की वार्डन और बीईओ पर यौन शोषण के आरोप लगे हैं। हॉस्टल की छात्राएं शनिवार देर रात परिजन के साथ पलसूद थाने पहुंचीं। बताया कि वार्डन राठौड़ और बीईओ अनुचित व्यवहार करने के साथ बैड टच भी करते हैं।
छात्राओं के साथ आए आदिवासी समाज के लोग थाने पर हंगामा करने लगे। सूचना मिलते ही राजपुर के एसडीओपी आयुष अलावा, तहसीलदार गणपत डावर, डीपीसी प्रमोद शर्मा और जिला शिक्षा अधिकारी शीला चौहान मौके पर पहुंचे। छात्राओं को कड़ी कार्रवाई का आश्वासन देकर शांत कराया।
अधिकारियों के निर्देश पर रविवार को पुलिस ने वार्डन प्रीति राठौड़ के खिलाफ पॉक्सो और एट्रोसिटी एक्ट में केस दर्ज कर लिया है।

बीईओ ने इंदौर चलने को कहा, कपड़े खरीदने का लालच दिया एक छात्रा ने बताया कि वार्डन ने उसे फोन कर बीईओ से मिलने के लिए बुलाया था। जब वह पहुंची तो बीईओ ने छात्रावास दिखाने के बहाने उसे अंदर ले जाकर बैड टच किया। बीईओ ने उसे इंदौर चलने का प्रस्ताव भी दिया। कपड़े खरीदकर देने का लालच भी दिया। छात्रा वहां से भाग आई तो उन्होंने मैसेज कर किसी को भी इस घटना के बारे में न बताने की धमकी दी।
दूसरी छात्रा के मुताबिक, वह 29 जनवरी को छात्रावास में विदाई समारोह के दौरान वार्डन के कमरे में साड़ी पहनने के लिए मदद मांगने गई थी। कपड़े बदलने के दौरान वार्डन ने उसका वीडियो बनाया। मना करने पर गलत व्यवहार किया।
इससे पहले 2023 में कक्षा 11वीं की एक छात्रा ने आरोप लगाया था कि वार्डन प्रीति राठौड़ ने उसे बैड टच किया था।

जयस ने की एसआईटी बनाने की मांग जयस के प्रदेश कार्यकारी अध्यक्ष राजू पटेल ने मामले में वार्डन प्रीति राठौड़ की गिरफ्तारी और एसआईटी के गठन की मांग की है।
वहीं, एसपी जगदीश डावर ने बताया कि तीन छात्राओं ने हॉस्टल वार्डन प्रीति राठौड़ और एक अज्ञात बीईओ के खिलाफ शिकायत की थी। छात्राओं ने शनिवार को वार्डन का मोबाइल ले लिया था। कलेक्टर गुंचा सनोबर ने तहसीलदार गणपत डावर और जिला शिक्षा अधिकारी शीला चौहान को भेजकर मामले की जांच कराई।
जांच रिपोर्ट के आधार पर वार्डन प्रीति राठौड़ के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है। अभी गिरफ्तारी नहीं हुई है।




