भोपाल। मध्यप्रदेश की स्वास्थ्य सेवाओं और नर्सिंग कॉलेजों में व्याप्त अव्यवस्थाओं को लेकर मंगलवार को भारतीय राष्ट्रीय छात्र संगठन (NSUI) के एक प्रतिनिधिमंडल ने उपमुख्यमंत्री व स्वास्थ्य मंत्री राजेंद्र शुक्ला से मुलाकात की। इस दौरान संगठन ने विभाग में चल रही गंभीर गड़बड़ियों का कच्चा चिट्ठा खोलते हुए एक साथ 25 ज्ञापन सौंपे।
फर्जी अस्पतालों और नियुक्तियों पर घेरा
कांग्रेस प्रवक्ता विवेक त्रिपाठी और NSUI उपाध्यक्ष रवि परमार के नेतृत्व में पहुंचे प्रतिनिधिमंडल ने आरोप लगाया कि प्रदेश में फर्जी अस्पतालों का संचालन धड़ल्ले से हो रहा है। साथ ही नर्सिंग कॉलेजों में फर्जी फैकल्टी की नियुक्ति और आयुष्मान योजना में करोड़ों के फर्जीवाड़े के दस्तावेज भी मंत्री को सौंपे गए। प्रतिनिधिमंडल का कहना है कि इन घोटालों से न केवल सरकारी खजाने को चपत लग रही है, बल्कि आम जनता और छात्रों के भविष्य के साथ भी खिलवाड़ हो रहा है।
अधिकारियों पर संरक्षण देने का आरोप
NSUI नेताओं ने सीधे तौर पर विभागीय अधिकारियों को निशाने पर लिया। उन्होंने मांग की कि भ्रष्टाचार को संरक्षण देने वाले संदिग्ध अधिकारियों को तत्काल निलंबित कर मामले की निष्पक्ष जांच कराई जाए। रवि परमार ने चेतावनी दी कि यदि राजधानी भोपाल सहित अन्य जिलों के दोषी अधिकारियों पर समय रहते कठोर कार्रवाई नहीं हुई, तो संगठन पूरे प्रदेश में उग्र आंदोलन शुरू करेगा।
इस अवसर पर जिला अध्यक्ष अक्षय तोमर, प्रदेश सचिव सैयद अल्तमस सहित अन्य पदाधिकारी मुख्य रूप से उपस्थित रहे।



