| मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव आज सिवनी के पॉलीटेक्निक मैदान में आयोजित राज्य स्तरीय कार्यक्रम में प्रदेश की एक करोड़ 26 लाख लाड़ली बहनों के खातों में 30वीं किस्त के रूप में 1857 करोड़ रुपये भेजे। लाड़ली बहनों के खाते में पहली बार 1500 रुपये पहुंचे। 250 रुपये की राशि बढ़ाने का निर्णय सरकार ने कैबिनेट बैठक में लिया था। इसके पहले लाड़ली बहनों को 1250 रुपये मिल रहे थे। |
| दिल्ली में सोमवार शाम हुए बम धमाके के बाद पूरा देश हाई अलर्ट पर है। इस बीच मुंबई से बनारस जा रही 22177 महानगरी एक्सप्रेस की जनरल बोगी के टायलेट में लिखे हुए एक मैसेज ने पूरे रेल विभाग में हड़कंप मचा दिया। मुंबई रेल मंडल से मिली सूचना के बाद भुसावल, जलगांव, खंडवा और इटारसी में ट्रेन की जांच की गई। |
| ब्लैक फंगस (म्यूकोरमायकोसिस) एक बीमारी थी, जिसने शरीर को क्षति पहुंचाई। लेकिन इसका सबसे गहरा घाव रूह पर लगा था। ऊपरी जबड़ा खो चुके लोग घर की चारदीवारी में सिमट गए थे, उनकी हंसी थम गई थी और दुनिया से उनका संवाद टूट गया था। वे अपने ही परिवार के सदस्यों की शादियों में नहीं जाते थे, शर्मिंदगी के कारण चेहरा हमेशा मास्क या दुपट्टे से ढका रहता था। उनकी जिंदगी केवल खाना, बोलना और दिखना नहीं, बल्कि समाज में होना बंद हो गया था। |
| भोपाल शहर के पर्यटन स्थलों में शामिल केरवा डैम के गेट नंबर आठ पर बना सीसी स्लैब मंगलवार सुबह नौ बजे अचानक भरभराकर गिर गया। हादसा होने के कुछ देर पहले ही यहां से ग्रामीण गुजरे थे। गनीमत रही कि बड़ा हादसा होने से टल गया। यह पुल 45 साल पुराना बताया जा रहा है, जिस पर अक्सर पर्यटक आकर डैम का मनोरम दृश्य देखते थे। खास मौसम में यहां भीड़ भी लग जाती थी। |
| मध्य प्रदेश सहित देशभर के शहरों और गांवों में लोगों के लिए समस्या बने लाल मुंह के बंदरों को वन्यजीव (संरक्षण) अधिनियम की अनुसूची में फिर से शामिल करने की तैयारी की जा रही है। इसके लिए केंद्र सरकार ने सभी राज्यों से सुझाव मांगे हैं। दरअसल, वर्ष 2022 में केंद्र सरकार ने लाल मुंह के बंदरों की तेजी से बढ़ती आबादी को देखते हुए उन्हें संरक्षित करने की आवश्यकता नहीं समझी और वन्यजीव (संरक्षण) अधिनियम, 1972 में संशोधन करके इन बंदरों को ‘वन्यजीव’ की श्रेणी से बाहर कर दिया है। |
| सोशल मीडिया जैसे-जैसे बढ़ रहा है, वैसे ही अपराध करने के नए तरीके भी निकाले जा रहे हैं। इसका ताजा उदाहरण देवास शहर में देखने को मिला। यहां एक बंटी-बबली की जोड़ी ने मोबाइल पर रील देखकर फर्जी पेमेंट एप के बारे में सीखा और शहर के दो दुकानदारों को चूना लगा दिया। दोनों वारदातें सीसीटीवी में कैद हो गईं, जिसके चलते आखिरकार आरोपित जोड़ी को पकड़ लिया गया। मामले का खुलासा पुलिस कप्तान पुनीत गेहलोद ने बुधवार को पत्रकार वार्ता के दौरान किया। |