स्वर की देवी और साक्षात सरस्वती का रूप कही जाने वाली लता मंगेशकर के निधन से देशभर के साथ विदिशा में लोग दुखी हैं। लता मंगेशकर के निधन की खबर सुनने के बाद लोगों ने उन्हें अपने अपने तरीके से श्रद्धाजंलि दी। लोग उनके गीतों को याद करते दिखाई दिए। उनके गीतों को सुनकर संगीत और गायकी सीखने वाली शहर की बेटी और सिंगिग रियालिटी शो की प्रतिभागी रहीं सौम्या शर्मा भी स्तब्ध हैं। सौम्या विदिशा की एकमात्र कलाकार हैं जो लता मंगेशकर को उनके घर मिलकर आईं। सौम्या इस वक्त मुंबई में हैं उन्होंने नवदुनिया को बताया कि वे साल 2018 में टीवी के सिंगिग रियालिटी शो दिल है हिंदुस्तानी में प्रतिभागी थीं, इसी दौरान एक शो में आशा भौंसले भी आईं। उन्होंने मेरा गाना सुनकर कहा कि लता दीदी भी शो देखती हैं सभी गाने सुनती हैं और पसंद करती हैं। इसके बाद हम आशा जी के साथ लता दीदी के घर उनसे मिलने गए लेकिन वह बीमार थीं और बेड पर थीं। उनसे कोई बात तो नहीं हो पाई लेकिन उन्होंने दूर से ही हाथ उठाकर आशीर्वाद जरूर दिया था। सौम्या बताती हैं कि वे बचपन से ही लता मंगेशकर के गाने सुनकर ही गायकी सीखती रही हैं। सौम्या के पिता अमिताभ शर्मा बताते हैं वे भी उस वक्त मुंबई में थे और लता मंगेशकर से मिलने पहुंचे थे। वे बताते हैं कि हम बेहद खुश नसीब हैं कि हमें लता मंगेशकर के घर जाकर उनसे मिलने का सौभाग्य मिला।
लता दीदी की मूर्ति लगवाने करेंगे मांग
संस्कार भारती विदिशा द्वारा स्वर कोकिला लता मंगेशकर को श्रद्धांजलि दी गई। अन्य सामाजिक संगठनों द्वारा स्थानीय गांधी चौक नीमताल पर लता मंगेशकर को भावभीनी श्रद्धांजलि दी। उपस्थित लोगों ने मोमबत्ती जलाकर पुष्प अर्पित किए। इस मौके पर भाजपा नेता मनोज कटारे ने कहा कि लता दीदी का जाना देश के लिए अपूरणीय क्षति है। वही संस्कार भारती की संगठन मंत्री मंजरी जैन ने कहा कि यह क्षति देश के लिए ही नहीं विश्व के लिए है और समस्त कलाकार जो लता ताई को अपनी स्वर की देवी मानते थे उनकी भी क्षति है। इस मौके पर संस्कार भारती के प्रदेश मंत्री सुरेश राठौर, सराफा व्यवसाई राजकुमार प्रिंस, अरविंद श्रीवास्तव, मोना राजपूत, सुचिता सोनी, बबीता भार्गव, अनुभा जैन सहित सैकड़ों की संख्या में लोग उपस्थित थे। इस मौके पर लता दीदी को याद करते हुए संगठन एक प्रस्ताव पास किया विदिशा में लता दीदी की मूर्ति लगाने के लिए शासन से मांग करेंगे और एक प्रस्ताव बनाकर नगरपालिका के माध्यम से राज्य शासन को भेजा जाएगा। इस मौके पर सुचिता सोनी द्वारा 5100, संजय जैन अध्यक्ष संस्कार भारती द्वारा 11000, बबीता भार्गव द्वारा 1100, रागनी मिश्रा द्वारा 2100 रुपये मूर्ति हेतु देने की बात भी कही।




