भोपाल। राजधानी की क्राइम ब्रांच ने एक सनसनीखेज वारदात का खुलासा करते हुए दिल्ली की प्रसिद्ध आईएएस एकेडमी की संचालिका से हुई 1.89 करोड़ रुपये की लूट के मास्टरमाइंड प्रियांक शर्मा को उसके 5 साथियों सहित गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए लूटी गई पूरी राशि बैंक खातों में होल्ड करवा दी है।




साजिश का जाल: झांसा देकर बुलाया भोपाल
पुलिस के अनुसार, मुख्य आरोपी प्रियांक शर्मा एकेडमी का पुराना छात्र है। उसने संचालिका शुभ्रा रंजन को भोपाल में नया सेंटर खोलने और बड़े सेमिनार का झांसा देकर बुलाया था। साजिश के तहत आरोपियों ने एक दिन पहले ही किराए का मकान लिया और वहां शोर दबाने के लिए ‘सुंदरकांड’ का पाठ रखा।
पिस्तौल की नोक पर वसूली और किडनैपिंग का ड्रामा
पीड़िता के भोपाल पहुंचते ही आरोपियों ने उन्हें बंधक बना लिया। हथियारबंद बदमाशों ने जान से मारने की धमकी देकर 1.89 करोड़ रुपये अपनी ‘जनकशिला’ सोसायटी और ‘आरएस एंटरप्राइजेज’ के खातों में ट्रांसफर करा लिए। दहशत फैलाने के लिए आरोपियों ने अपने ही एक साथी के अपहरण और उसे बक्से में बंद करने का झूठा वीडियो भी बनाया, ताकि पीड़िता भविष्य में पुलिस से शिकायत न कर सके।
अस्पताल में छिपने की कोशिश, पर नहीं बचे
वारदात के बाद मास्टरमाइंड प्रियांक शर्मा बीमारी का बहाना बनाकर एम्स (AIIMS) के आईसीयू में भर्ती हो गया। पुलिस जब उसे पकड़ने पहुंची, तो उसके परिजनों ने जमकर हंगामा किया। आरोपियों के पास से अवैध पिस्तौल और वारदात में इस्तेमाल वाहन बरामद किए गए हैं। गिरफ्तार आरोपियों में मुख्य सरगना प्रियांक के अलावा दीपक, रोहित, विकास, कुणाल और पंकज शामिल हैं।
पुलिस की मुस्तैदी
पुलिस कमिश्नर संजय कुमार और क्राइम ब्रांच की टीम ने तकनीकी साक्ष्यों की मदद से चंद घंटों में ही आरोपियों को दबोच लिया। आरोपी की योजना विदेश भागने की थी, जिसे पुलिस ने विफल कर दिया। फिलहाल पुलिस आरोपी की पत्नी की भूमिका की भी जांच कर रही है।




