इंदौर। शहर में ऑनलाइन धोखाधड़ी का एक और सनसनीखेज मामला सामने आया है, जहां एक कपड़ा व्यापारी क्रिप्टोकरेंसी में निवेश के नाम पर ठगी का शिकार हो गया। शातिर ठगों ने खुद को एक नामी कंपनी का कर्मचारी बताकर व्यापारी से कुल 1 लाख 67 हजार रुपए ऐंठ लिए। पीड़ित की शिकायत पर बाणगंगा थाना पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
पुलिस के अनुसार, पीड़ित कपड़ा व्यापारी योगेंद्र तिवारी की शिकायत पर अंकित जैन नामक युवक और उसके साथियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई है।
झांसे में लेकर कराए कई ट्रांजेक्शन
मार्च 2025 में पीड़ित के पास अंकित जैन नाम के व्यक्ति का फोन आया था। उसने खुद को ‘डीटीबीएक्स एक्सचेंज’ कंपनी का कर्मचारी बताया और दावा किया कि उसकी कंपनी क्रिप्टोकरेंसी में निवेश पर भारी मुनाफा (हाई रिटर्न) देती है। मुनाफे के लालच में आकर योगेंद्र ने 24 मार्च 2025 को पहली बार 5 हजार रुपए का निवेश किया। इसके बाद अलग-अलग सात ट्रांजेक्शन के जरिए कुल 1.67 लाख रुपए ट्रांसफर कर दिए।
फर्जी वेबसाइट पर दिखाते थे नकली मुनाफा
ठगों ने व्यापारी को भरोसा जीतने के लिए एक फर्जी वेबसाइट और अकाउंट का लिंक दिया था। इस वेबसाइट पर व्यापारी को उसकी निवेश की गई रकम और उस पर बढ़ता हुआ फर्जी मुनाफा दिखाई देता था, जिससे व्यापारी को सब सच लगा। इसी बीच राहुल और आर्यन नाम के दो अन्य ठगों ने भी खुद को कंपनी का रिलेशनशिप मैनेजर बताकर व्यापारी से कुछ और बार पैसे निवेश करा लिए।
रकम निकालने पर खुली पोल
ठगी का खुलासा तब हुआ जब व्यापारी ने वेबसाइट के जरिए अपना मुनाफा और मूल रकम निकालने (विड्रॉ) की कोशिश की। शातिर ठगों ने पैसे देने के बजाय उनसे और रकम जमा करने की मांग की। जब व्यापारी ने और पैसे देने से इनकार कर दिया, तो आरोपियों ने उनका अकाउंट ब्लॉक कर दिया।
सावधान रहें: साइबर एक्सपर्ट्स के मुताबिक, अनजान नंबरों से आने वाले निवेश के झांसों में न आएं। कोई भी कंपनी बिना जांचे-परखे सीधे फोन पर निवेश का दबाव नहीं बनाती।
खुद को ठगा महसूस कर पीड़ित ने तुरंत इसकी शिकायत साइबर सेल में की। साइबर सेल की प्राथमिक जांच के बाद अब बाणगंगा पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज कर उनकी तलाश शुरू कर दी है।




