विदिशा। शहर के मुख्य मुक्तिधाम में सोमवार को एक ऐसी दिल दहला देने वाली घटना सामने आई, जिसने हर किसी को झकझोर कर रख दिया। यहां कफन-दफन में लापरवाही के चलते कुछ आवारा कुत्तों ने एक नवजात शिशु के शव को कब्र से बाहर निकाल लिया और उसे नोचने लगे। अंतिम संस्कार में शामिल होने पहुंचे लोगों ने जब यह खौफनाक मंजर देखा, तो उनके होश उड़ गए।
लापरवाही पड़ी भारी: उथली कब्र से निकाला शव
प्रत्यक्षदर्शी दीपेंद्र सिंह राजपूत के अनुसार, वे सोमवार को एक अंतिम संस्कार में शामिल होने मुक्तिधाम आए थे। इसी दौरान उनकी नजर आवारा कुत्तों पर पड़ी, जो एक नवजात के शव को नोच रहे थे। लोगों ने तुरंत दौड़कर कुत्तों को भगाया।
बताया जा रहा है कि नवजात के शव को बेहद मामूली तरीके से (कम गहराई पर) दफनाया गया था। मिट्टी कम होने के कारण कुत्तों ने आसानी से गड्ढा खोदकर शव को बाहर निकाल लिया। शव की हालत बेहद विचलित करने वाली थी।
पुलिस ने कराया दोबारा अंतिम संस्कार
घटना की सूचना मिलते ही कोतवाली पुलिस की टीम मौके पर पहुंची। पुलिस ने मुक्तिधाम के कर्मचारियों की मदद से तुरंत एक गहरा गड्ढा खुदवाया और पूरे सम्मान व सुरक्षा के साथ नवजात के शव को दोबारा दफन कराया। कोतवाली थाने के आरक्षक के मुताबिक, सूचना मिलते ही मौके पर जरूरी कार्रवाई कर शव को सुरक्षित किया गया।
सिस्टम और संवेदनशीलता पर बड़े सवाल
वरिष्ठ पत्रकार की कलम से:
यह घटना सिर्फ एक लापरवाही नहीं, बल्कि हमारी सामाजिक संवेदनशीलता पर गहरा दाग है। किसी बेबस माता-पिता ने मजबूरी में या अज्ञानता में बच्चे को ठीक से नहीं दफनाया, यह एक पहलू हो सकता है। लेकिन मुक्तिधाम प्रबंधन और नगर पालिका की जिम्मेदारी कहां थी? मुक्तिधाम परिसर में आवारा पशुओं का इस तरह घूमना और शवों की सुरक्षा न होना प्रशासन के दावों की पोल खोलता है।
इस घटना के बाद से स्थानीय लोगों में मुक्तिधाम की बदइंतजामी को लेकर भारी आक्रोश है। जनता अब दोषियों पर कड़ी कार्रवाई और मुक्तिधाम की सुरक्षा पुख्ता करने की मांग कर रही है।




