भोपाल। एग्रीगेटर कंपनियों के खिलाफ टैक्सी चालक संघ की हड़ताल से शहर में ओला-उबर जैसी कैब सेवाएं ठप हो गई हैं। इसका सबसे बड़ा असर भोपाल रेलवे स्टेशन और एयरपोर्ट पर देखा गया, जहां सुबह से ही यात्री गाड़ियों के लिए परेशान होते रहे। मौके का फायदा उठाकर ऑटो चालकों ने मजबूरी में फंसे यात्रियों से डेढ़ से दो गुना तक किराया वसूला। स्टेशन पर कुछ यूनियनों ने चल रही कैब को रोककर विरोध भी जताया।
टैक्सी चालकों की मुख्य मांग सरकार द्वारा 22 से 30 रुपये प्रति किलोमीटर स्थायी किराया तय करने और प्राइवेट नंबर वाले वाहनों के व्यावसायिक उपयोग पर रोक लगाने की है। संयुक्त मोर्चे ने मांगें न माने जाने पर अनिश्चितकालीन हड़ताल की चेतावनी दी है और बुधवार को बोर्ड ऑफिस चौराहे पर धरना-प्रदर्शन रखा है।
उधर, आरटीओ जितेंद्र शर्मा ने बताया कि चालक संगठन को बातचीत के लिए बुलाया गया है और मनमाना किराया वसूलने वालों की शिकायत पर तुरंत सख्त कार्रवाई की जाएगी।




