भोपाल। राजधानी के चर्चित गोमांस तस्करी मामले में मुख्य आरोपी और स्लॉटर हाउस संचालक असलम कुरैशी उर्फ ‘चमड़ा’ को अदालत से बड़ा झटका लगा है। न्यायिक दण्डाधिकारी प्रथम श्रेणी जयदीप मौर्य ने अपराध की गंभीरता को देखते हुए आरोपी की जमानत याचिका शुक्रवार को निरस्त कर दी।
क्या था मामला?
- पकड़ा गया कंटेनर: 17 दिसंबर 2025 को जहांगीराबाद इलाके में हिंदू संगठनों ने एक कंटेनर रोका था, जिसमें 26 टन मांस मुंबई ले जाया जा रहा था।
- फॉरेंसिक रिपोर्ट: मथुरा लैब से आई जांच रिपोर्ट में मांस के ‘गोमांस’ होने की पुष्टि हुई।
- पुलिस कार्रवाई: रिपोर्ट आने के बाद 8 जनवरी को एफआईआर दर्ज की गई और असलम कुरैशी व उसके ड्राइवर शोएब को गिरफ्तार किया गया।
कोर्ट में क्या हुआ?
सुनवाई के दौरान आरोपी के वकील ने उसे निर्दोष बताते हुए जमानत की गुहार लगाई थी। वहीं, सरकारी वकील ने दलील दी कि यह मामला बेहद संवेदनशील और गंभीर है, इसलिए आरोपी को राहत नहीं मिलनी चाहिए। कोर्ट ने दोनों पक्षों को सुनने के बाद आरोपी को जेल में ही रखने का फैसला सुनाया।
गौरतलब है कि पुलिस की SIT इस मामले में पहले ही 500 पन्नों का चालान कोर्ट में पेश कर चुकी है। पुलिस का आरोप है कि स्लॉटर हाउस में अवैध रूप से गोवंश का वध कर मांस की तस्करी की जा रही थी।




