मंगलवार-बुधवार की रात भोपाल के हलालपुरा बस स्टैंड के पास एक अल्टो कार डिवाइडर से टकराकर पलट गई। हादसे में दो युवकों, महेंद्र मेवाड़ा (25) और सतीश मेवाड़ा की मौत हो गई। दोनों रिश्ते में साढ़ू थे।
किसान महेंद्र मेवाड़ा रातीबड़ के मूडला गांव का रहने वाला था। वो अपनी गर्भवती पत्नी बबली को लेबर पेन के कारण कृष्णानी अस्पताल ले जा रहा था। कार में महेंद्र की मां और बुआ के साथ साढ़ू सतीश भी सवार थे। हादसे में बबली, उसकी सास बताशी बाई और बुआ सास मुन्नी बाई को भी चोटें आई हैं। हादसे के बाद बबली ने बच्चे को जन्म दिया। दोनों सुरक्षित हैं।

अल्टो कार बेकाबू होकर पलट गई मंगलवार-बुधवार की रात महेंद्र की पत्नी बबली को लेबर पेन हो रहा था, इसलिए स्वाभाविक रूप से वो कार तेज चला रहा था। लालघाटी के पास कार अनियंत्रित होकर पलट गई। इसमें महेंद्र और बगल वाली सीट पर बैठे सतीश मेवाड़ा गंभीर रूप से घायल हो गए। सभी को फौरन स्थानीय लोगों ने एम्बुलेंस े अस्पताल पहुंचाया जहां डॉक्टरों ने महेंद्र और सतीश को मृत घोषित कर दिया।
पिता की मौत के बाद बेटी का जन्म
महेंद्र की मौत के लगभग एक घंटे बाद यानी मंगलवार देर रात करीब 1:30 बजे उसकी पत्नी बबली ने एक स्वस्थ बेटी को जन्म दिया। डॉक्टरों ने मां और बच्ची को पूरी तरह सुरक्षित बताया है। वहीं, इस हादसे में महेंद्र की मां के हाथ-पांव और कंधे में फ्रैक्चर हुआ है, जिनका इलाज हमीदिया अस्पताल में जारी है। वहीं, बुआ मुन्नी बाई को मामूली चोटें आई हैं

अपनी बेटी का चेहरा तक नहीं देख पाया मृतक महेंद्र अपने तीन भाइयों में दूसरे नंबर का था। महेंद्र की शादी तीन साल पहले बबली से हुई थी। बबली की यह पहली डिलीवरी थी। लेकिन बच्ची का चेहरा देखने से पहले ही पिता महेंद्र की मौत हो गई। वहीं, साढ़ू सतीश भी खेती-किसानी करता था।




