आयकर विभाग की टीम ने दिलीप बिल्डकॉन और उनके सहयोगियों पर रेड मारी है। पंजाब के अमृतसर से आए अफसरों की टीम भोपाल में 2 ठिकानों पर दस्तावेज खंगाल रही है।
दिलीप बिल्डकॉन ग्रुप के मालिक दिलीप सूर्यवंशी के चूनाभट्टी स्थित दफ्तर पर भी सर्चिंग की जा रही है। प्राथमिक जानकारी मिली है कि शेयर प्राइसिंग में गड़बड़ी के चलते आयकर विभाग ने यह एक्शन लिया है। करीब दस साल पहले भी आयकर विभाग की कार्रवाई में करोड़ों रुपए की टैक्स चोरी मिली थी।
कंपनी के पास भोपाल मेट्रो समेत कई महत्वपूर्ण प्रोजेक्ट अमृतसर की आईटी टीम ने इस कार्यवाही के लिए एसएएफ की मदद ली है। लोकल पुलिस या केंद्रीय सुरक्षा एजेंसियों को नहीं बुलाया है। दिलीप बिल्डकॉन को हाल ही में केरल, गुरुग्राम मेट्रो का काम भी मिला है। केरल में 1500 करोड़ और गुरुग्राम में 1500 करोड़ का काम कंपनी कर रही है।
भोपाल मेट्रो के लिए 247 करोड़ का ठेका पहले से ही इस कंपनी के पास है। एमपी में 25 हजार करोड़ का सोलर एनर्जी का काम भी कंपनी कर रही है। बताया जाता है कि कंपनी द्वारा इन्वेस्टमेंट ट्रस्ट की राशि का उपयोग दूसरे कामों में करती है। इसके चलते यह कार्रवाई की जा रही है।
भोपाल के अफसरों को जानकारी नहीं दी अमृतसर से आई टीम ने इस छापेमारी में भोपाल के विभागीय अफसरों को साथ नहीं लिया है। सोमवार सुबह से चल रही इस कार्यवाही की जानकारी मीडिया में आने के बाद स्थानीय अफसरों के संज्ञान में आई है।
दिलीप बिल्डकॉन की स्थापना साल 1987 में दिलीप सूर्यवंशी ने की थी। यह सड़क, राजमार्ग, खनन, सोलर परियोजनाओं और शहरी विकास जैसे क्षेत्रों में काम करती है। देश की सबसे बड़ी सड़क निर्माण कंपनियों में से एक मानी जाती है।
एग्जीक्यूटिव डायरेक्टर देवेंद्र जैन 1995 में 21 साल की उम्र में कंपनी से जुड़े थे।
17 से ज्यादा राज्यों में फैला काम 2000 के दशक की शुरुआत में NDA सरकार ने सड़क निर्माण के टेंडर निकालने शुरू किए। तब दिलीप सूर्यवंशी ने तय किया कि उनकी कंपनी सड़क निर्माण भी करेगी।
फिलहाल, कंपनी देश के 17 से अधिक राज्यों में काम कर रही है। 17 हजार से ज्यादा कर्मचारी हैं। कंपनी ने हाल ही में राजस्थान और केरल में ₹2,905 करोड़ और ₹1,115 करोड़ की परियोजनाओं पर काम शुरू किया है।
1993 में पहला बड़ा प्रोजेक्ट मिला था दिलीप बिल्डकॉन का मुख्य काम कंस्ट्रक्शन का है। कंपनी देशभर में हाईवे और रेल प्रोजेक्ट से जुड़े ठेके लेती है। भोपाल रेल मेट्रो का काम भी यही कंपनी कर रही है। कंपनी को वर्ष 1993-94 में पहला बड़ा प्रोजेक्ट मिला था। यह चार करोड़ रुपए का था।
इसके बाद कंपनी ने कभी पीछे मुड़कर नहीं देखा। फिर 20 करोड़ और 80 करोड़ के प्रोजेक्ट किए। 2007 के पहले 120 करोड़ रुपए तक के बड़े प्रोजेक्ट किए। वर्ष 2007 से 2010 के बीच कंपनी को सबसे बड़ा जंप मिला। दिलीप बिल्डकॉन को अहमदाबाद-गोधरा का एक हजार करोड़ रुपए का प्रोजेक्ट मिला। मध्य प्रदेश में दूसरे सबसे अमीर शख्स हाल ही में जारी हुई हुरुन रिच लिस्ट में एमपी के 13 कारोबारियों में दिलीप सूर्यवंशी का नाम दूसरे नंबर पर है। दिलीप बिल्डकॉन के मालिक दिलीप सूर्यवंशी की संपत्ति 4430 करोड़ रुपए आंकी गई थी। सूर्यवंशी की संपत्ति में 630 करोड़ रुपए का इजाफा हुआ है। सूर्यवंशी 10 पायदान ऊपर चढ़े हैं।




