Wednesday, February 11, 2026
23.1 C
Bhopal

17 जनवरी तक रिमांड पर राजू ईरानी, निशातपुरा थाने से दोस्ती और क्राइम ब्रांच से दुश्मनी…

भोपाल समेत देश के अलग-अलग शहरों की सड़कों पर ईरानी गैंग का खौफ पैदा करने वाला और सोशल मीडिया पर खुद को किसी डॉन की तरह पेश करने वाला राजू ईरानी आज पुलिस के शिकंजे में है। जिस राजू ईरानी को पकड़ने में भोपाल पुलिस के हाथ सालों तक नहीं पहुंच सके, उसे सूरत क्राइम ब्रांच ने दबोच कर निशातपुरा पुलिस के हवाले किया है। कोर्ट ने उसे 17 जनवरी तक रिमांड पर भेज दिया है, लेकिन गिरफ्तारी के बाद राजू ईरानी का ड्रामा‌ थमने का नाम नहीं ले रहा।

बेगुनाही का चोला ओढ़कर…
कोर्ट से बाहर निकलते समय राजू ईरानी के तेवर किसी अपराधी जैसे नहीं, बल्कि किसी मजलूम जैसे थे। पत्रकारों के कैमरों को देखकर उसने चिल्लाते हुए खुद को बेगुनाह बताया और मीडिया से सच दिखाने की अपील की। सवाल यह उठता है कि अगर राजू इतना ही बेगुनाह था, तो वह महीनों से फरार क्यों था? क्या वह भोपाल से भागकर सूरत फल खरीदने गया था? जानकारों का कहना है कि यह एक तो चोरी, ऊपर से सीनाजोरी का सटीक उदाहरण है।

खाकी की सरपरस्ती
राजू ईरानी की गिरफ्तारी ने भोपाल पुलिस की कार्यप्रणाली पर भी बड़े सवाल खड़े कर दिए हैं। चर्चा है कि राजू के संबंध निशातपुरा थाने के कुछ पुलिसकर्मियों और जोन-4 के आला अधिकारियों से बेहद अच्छे रहे हैं। इसी दोस्ती का नतीजा था कि वह एक स्थाई वारंटी होने के बावजूद राजधानी में खुलेआम घूमता रहा और पुलिस को उसकी भनक तक नहीं लगी। जब दूसरे राज्य की पुलिस ने उसे दबोचा, तब जाकर स्थानीय पुलिस की नींद टूटी।

करोड़ों का साम्राज्य और फर्जी रसूख
सोशल मीडिया पर हथियारों और रसूख का प्रदर्शन करने वाला यह फर्जी डॉन असल में जेबकतरी और धोखाधड़ी के दम पर अपना साम्राज्य खड़ा कर चुका है। नशे के कारोबार से लेकर गाड़ियों के फाइनेंस तक, ईरानी गैंग का जाल फैला हुआ है। पुलिस रिमांड के दौरान अब यह देखना दिलचस्प होगा कि वह अपने किन-किन खाकीधारी मददगारों के नाम उगलता है।

भोपाल पुलिस की नाकामी
जब भोपाल पुलिस हाथ पर हाथ धरे बैठी थी, तब सूरत क्राइम ब्रांच ने मुस्तैदी दिखाते हुए उसे दबोचा। अगर भोपाल पुलिस चाहती, तो उसे महीनों पहले सलाखों के पीछे भेजा जा सकता था। सूत्रों का मुताबिक ईरानी गैंग का सरगना भोपाल पुलिस के कई अधिकारियों को रेट कार्ड के हिसाब से दाना फेंकता आया है। तभी तो दूसरे राज्य की पुलिस ने गिरफ्तार कर राजधानी की पुलिस को मुफ्त में सौंपा है। यदि सूरत पुलिस भी गिरफ्तार नहीं करती तो भोपाल पुलिस का तो कोई इरादा ही नहीं लगता था गिरफ्तार करने का बरहाल पुलिस रिमांड लेकर पूछताछ करती है। या फल देने वाले पेड़ से फल तोड़कर खाती है यह देखना होगा ।

अहम बात…
क्या 17 जनवरी तक की रिमांड में पुलिस उन राजों से पर्दा उठा पाएगी, जिनकी बदौलत एक मामूली जेबकतरा करोड़ों का मालिक बन बैठा, या फिर सांठगांठ का यह खेल पर्दे के पीछे ऐसे ही चलता रहेगा?

Hot this week

बाइक सवार बदमाश 4 लाख का ज्वार और पैसों से भरा बैग लेकर भागे

मुरैना में चोरी व लूटपाट की घटनाएं थमने का...

50 लाख की अवैध शराब बरामद दो आरोपी गिरफतार

नरसिंहपुर पुलिस ने अवैध शराब के विरुद्ध चलाए जा...

पति से विवाद हुआ तो पत्नी ने घर में रखे गांजे के पैकेट का वीडियो पुलिस को भेज दिया

इंदौर। अकाउंटेंट महिला ने मादक पदार्थ बेचने वाले पति...

बाउंसर की चाकू मारकर हत्या

विजयनगर थाना क्षेत्र में मंगलवार की देर रात एक...

मोहन सरकार ने लिया फिर 5 हजार करोड़ कर्ज

विधानसभा का बजट सत्र शुरू होने और अनुपूरक बजट...

Topics

50 लाख की अवैध शराब बरामद दो आरोपी गिरफतार

नरसिंहपुर पुलिस ने अवैध शराब के विरुद्ध चलाए जा...

बाउंसर की चाकू मारकर हत्या

विजयनगर थाना क्षेत्र में मंगलवार की देर रात एक...

मोहन सरकार ने लिया फिर 5 हजार करोड़ कर्ज

विधानसभा का बजट सत्र शुरू होने और अनुपूरक बजट...

भोपाल में शादी का झांसा देकर विवाहिता से दुष्कर्म

भोपाल के निशातपुरा थाना पुलिस ने एक गंभीर मामले...

शादी समारोह में युवक ने 10 साल के बच्‍चे को मारी गोली

सतना। शादी समारोहों में हर्ष फायरिंग पर कानूनन सख्त...
spot_img

Related Articles

Popular Categories

spot_imgspot_img