विदिशा के किलेन्दर स्थित बालाजी मंदिर में महिलाओं के गले से मंगलसूत्र और सोने की चेन चोरी करने वाले अंतर्राज्यीय गिरोह को कोतवाली पुलिस ने पकड़ लिया। पुलिस ने गिरोह के 5 सदस्यों को गिरफ्तार कर उनके पास से करीब ₹15 लाख की ज्वेलरी, नकदी और वारदात में इस्तेमाल की गई कार जब्त की है।
यह कार्रवाई पुलिस अधीक्षक रोहित काशवानी के निर्देशन में, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक डॉ. प्रशांत चौबे और नगर पुलिस अधीक्षक अतुल सिंह के मार्गदर्शन में की गई। थाना प्रभारी आनंद राज की टीम ने तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर आरोपियों तक पहुंच बनाई।
31 अक्टूबर को हुई थी चोरी
31 अक्टूबर को बालाजी मंदिर परिसर में भारी भीड़ के दौरान महिलाओं के गले से मंगलसूत्र और चेन चोरी की गई थी। लगातार मिल रही शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए पुलिस ने विशेष टीम गठित की और गिरोह को धर दबोचा।
250 से अधिक CCTV फुटेज खंगाले
जांच के दौरान पुलिस ने करीब 250 से अधिक CCTV फुटेज खंगाले और 150 से ज्यादा लोगों से पूछताछ की। तकनीकी विश्लेषण, सोशल मीडिया इनपुट और मुखबिर तंत्र की मदद से उत्तरप्रदेश के आगरा इलाके से जुड़े इस गिरोह की पहचान की गई
सभी आरोपी आगरा के रहने वाले
पुलिस ने गिरफ्तार आरोपियों में दिलावर पातरे, संगीता पातरे, अशोक कुमार कोरी, विद्या उर्फ कंचन हटागले और नीलम हटागले शामिल हैं। सभी आरोपी आगरा के रहने वाले हैं और उनके खिलाफ पहले भी कई आपराधिक मामले दर्ज हैं। उत्तरप्रदेश और राजस्थान के अलग-अलग जिलों में भी इनके खिलाफ प्रकरण दर्ज हैं।
पुलिस ने आरोपियों के पास से ₹1.15 लाख नकद, 4 सोने के मंगलसूत्र, 1 सोने की चेन और एक अर्टिगा कार बरामद की है। बरामद सामान की कुल कीमत लगभग ₹15 लाख बताई जा रही है।
सोशल मीडिया से जानकारी जुटाते थे
पुलिस ने बताया कि यह गिरोह टीवी, यूट्यूब और सोशल मीडिया के जरिए भीड़भाड़ वाले धार्मिक स्थलों की जानकारी जुटाता था। इसके बाद मंदिरों, मेलों और आयोजनों में घुसकर महिलाएँ के गले से आभूषण बड़ी सफाई से काट लेते थे और वारदात के बाद राज्य बदलकर फरार हो जाते थे।




