गांधीनगर पुलिस ने ऐसी गैंग के पांच बदमाशों को गिरफ्तार किया है, जो महंगी कारें किराए पर लेकर बेच देते थे। ये किराया देने के नाम पर एग्रीमेंट करते थे, ज्यादा किराया देने का लालच गाड़ी मालिक को देते थे। फिर कार लेकर अन्य राज्यों में ऐसे लोगों को बेच देते थे जो बिना दस्तावेज के कारें गिरवी रखते थे या खरीद लेते थे। आरोपियों से 1.5 करोड़ रुपए की 11 कारें जब्त हुई हैं।
एडिशनल डीसीपी आलोक शर्मा के मुताबिक आरोपियों के नाम सचिन सिसोदिया पेंशनपुरा महू, अरकान शेख, विशाल मिरकुटे, अविनाश यादव और विकास पंवार है, ये चारों कल्याण, ठाणे के रहने वाले हैं। गांधीनगर थाने में 8 फरियादियों ने शिकायत दर्ज कराई थी कि एक ही व्यक्ति ज्यादा किराया देने के नाम पर एग्रीमेंट कर गाड़ियां गुजरात, महाराष्ट्र ले जाता है। कई महीनों से वह न किराया दे रहा है न ही कार लौटा रहा है।
बदमाशों को पकड़ने एक टीम गुजरात भेजी थी
पुलिस टीम ने मुख्य सरगना सचिन को गुजरात से पकड़ा। उससे पूछताछ बाद अन्य आरोपियों को महाराष्ट्र से गिरफ्तार किया। आरोपियों को पकड़ने के लिए एक टीम गुजरात भेजी। टॉवर लोकेशन के आधार पर निगरानी रखी गई। उसके आधार पर गैंग सरगना सचिन सिसोदिया को गिरफ्तार किया गया।
खरीदने, गिरवी रखने वालों को भी नोटिस
गैंग का सरगना ऐसे लोगों को कारें गिरवी रखता या बेचता था जो बिना दस्तावेज के महंगे शौक पूरा करने के लिए कारें चलाते थे। बदमाशों से बिना दस्तावेज लिए कारें गिरवी रखने और खरीदने वालों को भी नोटिस दिए गए हैं, ताकि भविष्य में वे इस तरह की कारें खरीदते या गिरवी रखते हैं तो उन पर केस दर्ज किया जाए।




