रानी कमलापति से हजरत निजामुद्दीन वंदे भारत एक्सप्रेस के खाने में कीड़ा निकलने के मामले में कई शिकायतों के बाद अब आवेदक यात्री कंज्यूमर फोरम जाने की तैयारी कर रहे हैं। यात्री अभय सेंगर का कहना है कि कई बार वह आईआरसीटीसी को इस संबंध में मेल कर चुके हैं। मगर आईआरसीटीसी की तरफ से किसी भी प्रकार का कोई जवाब नहीं मिलने के चलते अब वह इस मामले में कंज्यूमर आयोग का दरवाजा खटखटाएंगे। उन्होंने कहा कि जो सुविधा मुझे नहीं मिली उसके लिए मैं पैसे क्यों चुकाऊं। वहीं उन्होंने आईआरसीटीसी पर आरोप लगाया है कि उनके द्वारा इस मामले को ठंडे बस्ते में डाल दिया गया है। जिसके चलते कोई भी कार्रवाई आईआरसीटीसी ने नहीं की है।
18 अगस्त का है मामला 18 अगस्त को वंदे भारत एक्सप्रेस भोपाल के रानी कमलापति स्टेशन से हजरत निजामुद्दीन जा रही थी। झांसी में सुबह करीब 8 बजे यात्रियों को ब्रेकफास्ट सर्व किया गया। यात्री अभय सिंह सेंगर के फूड पैकेट में उपमा के ऊपर कीड़ा था। यात्री ने इसका वीडियो बना लिया। उन्होंने बताया, मैं वंदे भारत में ट्रैवल कर रहा था। कीड़ा निकलने पर स्टाफ को बताया। उन्होंने खाना वापस ले लिया। मैं 9:40 बजे ग्वालियर उतर गया, उन्होंने तब तक मुझे दूसरा फूड प्रोवाइड नहीं कराया था।
यह है कैटरिंग चार्जेज रेलवे से प्राप्त जानकारी के अनुसार वंदे भारत की दोनों कैटेगरी में अलग अलग कैटरिंग चार्जेज हैं। इसमें इसमें चेयर कार कैटेगिरी में 1720 रुपए के टिकट पर 364 रुपए कैटरिंग चार्जेज के रूप में लिए जाते हैं। इसके अलावा ईसी कैटेगिरी में 3170 रुपए के टिकट पर 419 रुपए कैटरिंग चार्जेज के लिए जाते हैं। इसमें हाईटी के अलावा लंच या डिनर अप और डाउन में यात्रियों को दिया जाता है।
नियम नहीं मगर हम इस बारे में सोचेंगे कैटरिंग चार्जेज को लेकर आईआरसीटीसी के जीएम अनिल गुप्ता ने कहा कि कैटरिंग चार्जेज को लेकर फिलहाल कोई नियम नहीं है। मगर हम गुड विल को लेकर कुछ इस बारे में सोचेंगे। वहीं इस बारे में यात्री से भी चर्चा करेंगे।




