मध्यप्रदेश के दो जवानों की छत्तीसगढ़ के भुताही CAF कैंप (बलरामपुर) में बुधवार को गोली मार कर हत्या कर दी गई। इसमें एक जवान रूपेश पटेल (37) मैहर के पोड़ी गांव का रहने वाला था, जबकि दूसरा जवान संदीप पांडेय (39) रीवा के ग्राम घुरे हटा का रहने वाला था। संदीप ने अस्पताल ले जाते समय दम तोड़ा। घटना में अंबुज शुक्ला और राहुल बघेल नाम के दो जवान गंभीर रूप से घायल हुए हैं। अंबुज भी रीवा का है।
फायरिंग रायगढ़ के पुसौर के रहने वाले अजय सिदार नाम के साथी जवान ने की। इधर, रूपेश पटेल की हत्या की खबर मिलते ही मैहर स्थित गृह ग्राम पोड़ी में मातम छा गया। स्थानीय विधायक श्रीकांत चतुर्वेदी मृतक के परिजन से मिलने पहुंचे और उन्हें सांत्वना दी।
रुपेश ने मिर्ची नहीं दी तो अजय ने खाना छोड़ फायरिंग की बलरामपुर के सामरी थाना इलाके में CAF छत्तीसगढ़ आर्म्ड फोर्स की की 11वीं बी बटालियन में बुधवार (18 सितंबर) सुबह 11.30 बजे अजय सिदार खाना खाने बैठा था। रूपेश खाना परोस रहा था। इस दौरान अजय ने उससे मिर्ची मांगी तो उसने मना कर दिया। इस पर अजय रूपेश से बहस करने लगा।
वहां मौजूद गार्ड कमांडर अंबुज शुक्ला ने रूपेश का सपोर्ट किया। इससे अजय का गुस्सा और भड़क उठा। उसने खाना छोड़ा, हाथ धोया और साथी जवान की इंसास राइफल उठाकर फायरिंग शुरू कर दी।

भागते समय जवानों ने आरोपी को पकड़ा
अजय सिदार ने अंबुज शुक्ला के पैरों पर दो गोलियां मार दी। जवान राहुल बघेल को छूती हुई एक गोली निकल गई। जिसके बाद अजय जंगल की ओर भागने लगा। जिसे राहुल और बाकी जवानों ने पकड़ लिया।
चार भाइयों में दूसरे नंबर का था रूपेश रूपेश चार भाइयों में दूसरे नंबर का था। बड़े भाई का मानसिक स्वास्थ्य कुछ ठीक नहीं रहता। जबकि रूपेश से छोटा रुस्तम BSF में है। इन दिनों उसकी पोस्टिंग श्रीनगर में है। घर पर प्यार से रूपेश को सभी लोग उमेश नाम से भी बुलाते थे। वह 2007 में छत्तीसगढ़ आर्म्ड फोर्स (CAF) में भर्ती हुआ था।
गांव में सन्नाटा, परिजन का रो-रोकर बुरा हाल रूपेश की मौत की खबर से उसके गृह ग्राम पोड़ी में सन्नाटा पसरा है। परिजन का बुरा हाल है। पत्नी सुलोचना बार-बार बेसुध हो रही है, तो 7 साल के बेटे यश और 12 साल की बेटी ईशा की भी आंखों से आंसू थम नहीं रहे हैं।




