इंदौर/धार। भ्रष्टाचार के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए लोकायुक्त इंदौर की टीम ने सोमवार को धार जिला शिक्षा केंद्र में पदस्थ जिला परियोजना समन्वयक (DPC) प्रदीप कुमार खरे को एक लाख रुपए की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों दबोच लिया। आरोपी पर निर्माण कार्यों के पूर्णता प्रमाण पत्र (Completion Certificate) पर हस्ताक्षर करने के बदले कुल 17 लाख रुपए की रिश्वत मांगने का आरोप है।
लोकायुक्त पुलिस के अनुसार, यह पूरा मामला समग्र शिक्षा अभियान के तहत जिले के सरकारी स्कूलों में बने 122 शौचालयों के निर्माण से जुड़ा है। करीब 3 करोड़ 42 लाख रुपए की लागत वाले इन कार्यों का सुपरविजन कर रहे प्रभारी सहायक यंत्री दिलीप साधव से आरोपी खरे 5 प्रतिशत कमीशन के रूप में 17 लाख रुपए मांग रहे थे।
परेशान होकर पीड़ित ने इसकी शिकायत लोकायुक्त एसपी राजेश सहाय से की। शिकायत की पुष्टि होने के बाद सोमवार को लोकायुक्त टीम ने जाल बिछाया और धार सर्किट हाउस में आरोपी खरे को पहली किश्त के रूप में 1 लाख रुपए लेते हुए पकड़ लिया। आरोपी के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर कार्रवाई की जा रही है। इस सफल कार्रवाई में लोकायुक्त निरीक्षक सचिन पटेरिया सहित अन्य पुलिसकर्मी शामिल रहे।




