वक्फ संशोधन बिल के विरोध में गुरुवार को भोपाल में मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड का सेंट्रल लाइब्रेरी ग्राउंड पर प्रदर्शन चल रहा है। जामियाते उलेमा के अध्यक्ष हाजी मोहम्मद हारून ने कहा कि ये संशोधन देश के एक बड़े समुदाय के हितों को नजरअंदाज करते हुए जबरन थोपे जा रहे हैं, जो भारत जैसे लोकतांत्रिक देश की मूल भावना के खिलाफ है।
बता दें कि लोकसभा और राज्यसभा में वक्फ बिल को पास करने के बाद राष्ट्रपति की मंजूरी मिल गई। इसके बाद इसे लागू कर दिया गया। इसके विरोध में प्रदर्शन हो रहा है। भोपाल में शांतिपूर्वक तरीके से प्रदर्शन किए जाने की बात कही जा रही है।
हारून ने कहा, हमें इस संशोधन में सिर्फ बुराइयां ही नजर आ रही हैं। भारत एक जम्हूरी (लोकतांत्रिक) मुल्क है, यहां किसी पर कुछ थोपा नहीं जाता। अंग्रेजों के जमाने में भी कानून बनाने से पहले मशवरा किया जाता था, लेकिन आज बिना किसी सलाह के इतने महत्वपूर्ण बदलाव किए जा रहे हैं।
“वक्फ किसी संपत्ति पर अधिकार नहीं जताता”
उन्होंने आरोप लगाया कि वक्फ संपत्तियों को लेकर गलत धारणाएं फैलाई जा रही हैं। “यह एक बड़ा भ्रम फैलाया जा रहा है कि अगर वक्फ बोर्ड किसी संपत्ति पर दावा करता है, तो वह खुद-ब-खुद उसकी हो जाती है। जबकि हकीकत यह है कि वक्फ बोर्ड ने कभी भी किसी संपत्ति पर अपने आप अधिकार नहीं जताया। दरअसल, यह तो सरकारी विभाग ही हैं जो ऐसी संपत्तियों पर दावा करते हैं।”
इसके अलावा, उन्होंने धार्मिक स्थलों के साथ हो रहे भेदभाव पर भी चिंता जताई। उन्होंने सवाल उठाया, “देश में कोई ऐसा मंदिर नहीं है जहां पूजा न होती हो, लेकिन कई मस्जिदों में आर्कियोलॉजिकल सर्वे या अन्य बहानों से नमाज पढ़ने से रोका जाता है।”
हारून ने भारत सरकार से मांग की कि वक्फ एक्ट के संशोधनों पर पुनर्विचार किया जाए और मुस्लिम समुदाय की भावनाओं को ठेस न पहुंचाई जाए। उन्होंने कहा, “हम चाहते हैं कि इतनी बड़ी कम्युनिटी को नाराज़ न किया जाए।”
दो घंटे का धरना, रैली नहीं निकालेंगे मेम्बर आमला, ऑल इंडिया मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड के सदस्य आरिफ मसूद ने बताया, भोपाल में 2 घंटे का प्रदर्शन होगा। इसमें कोई झंडा, बैनर लगाने की मनाही है। न ही कोई रैली निकाली जाएगी।
भोपाल में काली पट्टी बांधकर पढ़ चुके नमाज इससे पहले वक्फ संशोधन बिल के विरोध में मुस्लिम समाज के सदस्यों ने बांह पर काली पट्टी बांधकर नमाज पढ़ी थी। रमजान के आखिरी शुक्रवार को नमाज में समाजजन शामिल हुए थे।





