प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी मंगलवार को लुधियाना, फतेहगढ़ साहिब और मालेरकोटला जिलों के 18 विधानसभा हलकों के गठबंधन प्रत्याशियों के लिए वोट मांगेंगे। वह वर्चुअल करेंगे। बसपा सुप्रीमो मायावती भी मंगलवार को पंजाब में चुनावी रैली करेंगी। वह नवांशहर में आयोजित रैली में प्रत्यक्ष उपस्थित होंगी। पंजाब में प्रधानमंत्री की यह पहली रैली होगी। गत पांच जनवरी को फिरोजपुर में सुरक्षा कारणों से प्रधानमंत्री ने रैली निरस्त कर दी थी। अब मंगलवार को चुनाव के संबंध में पहली वर्चुअल रैली को संबोधित करेंगे।
भाजपा इस बार पंजाब लोक कांग्रेस और शिरोमणि अकाली दल (संयुक्त) के साथ मिलकर चुनाव लड़ रही है। दोनों जिलों के हर विधानसभा क्षेत्र में करीब तीन स्क्रीन लगाई गई हैं। 18 विधानसभा क्षेत्रों में हर स्क्रीन के सामने 1000 लोगों के बैठने की व्यवस्था की है। नवांशहर में होने वाली बसपा प्रमुख मायावती की रैली में अकाली दल के अध्यक्ष सुखबीर सिंह बादल मुख्य अतिथि होंगे। बसपा अकाली दल के साथ गठबंधन कर 20 सीटों पर चुनाव लड़ रही है, जबकि अकाली दल 97 सीटों पर चुनाव लड़ेगा।
अगले हफ्ते तक मिल सकती है चुनाव प्रचार में कुछ और छूट
कोरोना संक्रमण की स्थिति में जिस तेजी से सुधार हो रहा है, उससे राजनीतिक दलों को अगले हफ्ते तक चुनाव प्रचार में कुछ और छूट मिल सकती है। फिलहाल चुनाव आयोग ने अगले हफ्ते में दिए जाने वाले छूट से जुड़े प्रस्ताव पर काम शुरू कर दिया है। इसमें जनसभाओं व रैलियों को मैदान की आधी क्षमता के साथ आयोजित करने की अनुमति शामिल है।
हालांकि जो संकेत है, उनमें चुनावों के अंतिम कुछ चरणों में इन रैलियों और सभाओं पर लगे प्रतिबंधों को पूरी तरह से हटाया भी जा सकता है। चुनाव आयोग की कोशिश है कि राजनीतिक दलों को चुनाव प्रचार के लिए पूरा मौका मिले। यही वजह है कि जैसे-जैसे कोरोना संक्रमण की स्थिति में सुधार हो रहा है, आयोग प्रचार में ढील देता जा रहा है। आयोग ने रविवार को भी जनसभाओं में कुछ ढील दी है। जिसमें अब वह मैदान की कुल क्षमता के तीस फीसद भीड़ के साथ जनसभाएं कर सकेंगे।




