ग्वालियर में 28 लाख रुपए की शेयर ट्रेडिंग ठगी के मामले में क्राइम ब्रांच ने दूसरे आरोपी समदर नाथ को राजस्थान के नागौर से गिरफ्तार किया है। पुलिस ने उसके चचेरे भाई और मुख्य आरोपी सुरेंद्र नाथ को पहले ही पकड़ लिया था।
यह मामला 2024 का है, जब ग्वालियर के शताब्दीपुरम निवासी जितेंद्र तिवारी को साइबर ठगों ने वॉट्सऐप पर एक लिंक भेजकर शेयर ट्रेडिंग में भारी मुनाफे का लालच दिया था। जितेंद्र ने उनके झांसे में आकर कुल 28 लाख रुपए का निवेश कर दिया।
जब उन्हें न तो कोई मुनाफा मिला और न ही उनकी मूल रकम वापस मिली, तब जितेंद्र को ठगी का एहसास हुआ। उन्होंने क्राइम ब्रांच पुलिस में शिकायत दर्ज कराई थी।
पुलिस की जांच में राजस्थान के नागौर स्थित लोनियस गांव निवासी सुरेंद्र नाथ और उसके चचेरे भाई समदर नाथ का नाम सामने आया। सुरेंद्र नाथ को पुलिस ने पहले ही गिरफ्तार कर लिया था, लेकिन समदर नाथ फरार चल रहा था। जितेंद्र तिवारी से ठगे गए 28 लाख रुपए में से 9.26 लाख रुपए समदर नाथ के खाते में जमा हुए थे।
मुखबिर की सूचना पर क्राइम ब्रांच की टीम ने समदर नाथ को नागौर से धर दबोचा। पूछताछ में समदर नाथ ने बताया कि इस ठगी का पूरा सेटअप उसके चचेरे भाई सुरेंद्र नाथ ने तैयार किया था। सुरेंद्र अनजान लोगों को वॉट्सऐप पर फर्जी शेयर ट्रेडिंग लिंक भेजकर फंसाता था और पीड़ितों से मिली रकम समदर के बैंक खातों में जमा करता था।
क्राइम ब्रांच पुलिस अब इस मामले की और गहराई से जांच कर रही है, ताकि इस गिरोह के अन्य सदस्यों और उनके पूरे नेटवर्क का पर्दाफाश किया जा सके।




