मुरैना जिला न्यायालय के प्रथम श्रेणी न्यायाधीश ने नकली नोट छापने के मामले में तीन आरोपियों को सात-सात साल जेल और 10,000 रुपए के अर्थदंड की सजा सुनाई है। अर्थदंड न भरने पर एक साल ज्यादा सजा भुगतनी होगी। न्यायालय ने यह आदेश शनिवार को दिया।
घटना 1 अगस्त 2023 की है। तत्कालीन रामपुर कला थाना प्रभारी पवन भदौरिया को शाम 5 बजे मुखबिर से सूचना मिली कि ऐचबाड़ा तिराहे के एक ढाबे पर नकली नोट लाने वाला व्यक्ति मौजूद है। पुलिस ने तुरंत छापा मारकर कपिल रावत पिता रामकिशन रावत (निवासी चिनवान का पुरा) को हिरासत में ले लिया। उसकी तलाशी लेने पर 100 और 500 रुपए के नकली नोटों से भरा बैग बरामद हुआ। नकली नोटों पर गांधी जी की फोटो स्पष्ट नहीं थी, जिससे उनकी जालसाजी तुरंत पकड़ में आ गई

कपिल रावत के पास से 100 रुपए के 63 नोट और 500 रुपए का 1 नोट उसकी जेब से बरामद हुआ। बैग की तलाशी में 100 रुपए के 100 नकली नोट और मिले। कुल 16,800 रुपए के नकली नोट जब्त किए गए। इसके बाद पुलिस ने लाल सिंह धाकड़ और भूपेंद्र सिंह धाकड़ को पकड़ा, जिनके पास से 100-100 रुपए की 20 नकली नोटों की शीट बरामद की गई। इसके साथ ही कलर प्रिंटर और नकली नोट छापने वाली मशीन भी जब्त कर ली गई।
न्यायालय का फैसला




