भिंड:
जिले के घमूरी गांव में 21 जुलाई को पुलिया के पास मिले शव की गुत्थी पुलिस ने सुलझा ली है। ट्रक ड्राइवर अतर सिंह जाटव की हत्या किसी और ने नहीं, बल्कि उसके अपने ही रिश्तेदारों—छोटे भाई और दामाद—ने मिलकर की थी। पुलिस ने दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। पारिवारिक विवाद और पुरानी रंजिश के चलते इस सनसनीखेज वारदात को अंजाम दिया गया था।
शराब में कीटनाशक मिलाकर घोंटा दम
थाना प्रभारी रघुवीर मीणा ने बताया कि 21 जुलाई को घमूरी गांव के पास एक शव मिलने की सूचना मिली थी, जिसकी शिनाख्त ट्रक ड्राइवर अतर सिंह जाटव के रूप में हुई। जांच के दौरान पुलिस को सबसे पहले शव देखने वाले मृतक के दामाद बबलू जाटव और छोटे भाई विजय जाटव पर शक हुआ। तकनीकी साक्ष्यों और पूछताछ के बाद दोनों ने अपना जुर्म कबूल कर लिया।
आरोपियों ने पुलिस को बताया कि अतर सिंह शराब पीने का आदी था और घर आने पर भाई विजयसिंह से झगड़ा करता था। इसके अलावा, दामाद बबलू से भी उसकी पुरानी रंजिश थी।
इस तरह रची साजिश
- ग्वालियर से बुलाया: 20 जुलाई को दामाद बबलू ने फोन कर ससुर अतर सिंह को ग्वालियर बुलाया और रास्ते में शराब पिलाई।
- कीटनाशक और गला घोंटा: इसके बाद ससुर को घमूरी लाकर छोटे भाई विजयसिंह के साथ मिलकर शराब में गेहूं का कीटनाशक मिला दिया और बाद में गला दबाकर उसकी हत्या कर दी।
- शव ठिकाने लगाया: आरोपी बबलू शव को कार में रखकर दंदरौआ मंदिर दर्शन के बहाने घूमाता रहा और रात में घमूरी के पास पुलिया के नीचे फेंक दिया। पुलिस ने मृतक का मोबाइल भी नदी में बरामद कर लिया है।




