भोपाल
मध्य प्रदेश में 79 वर्ष की आयु पूरी कर चुके बुजुर्ग पेंशनर्स को 20 प्रतिशत अतिरिक्त पेंशन का लाभ देने की मांग को लेकर पेंशनर्स वेलफेयर एसोसिएशन ने मुख्यमंत्री और मुख्य सचिव को पत्र लिखा है। एसोसिएशन ने सर्वोच्च न्यायालय के निर्णय के बावजूद लाभ न दिए जाने पर नाराजगी जताई है।
मुख्य बिंदु
- सुप्रीम कोर्ट से खारिज हुई याचिका: ग्वालियर हाईकोर्ट के आदेश के खिलाफ राज्य सरकार की एसएलपी और रिव्यू पिटीशन (डायरी नंबर 59076/2024) को सुप्रीम कोर्ट क्रमशः सितंबर 2024 और 20 मार्च 2025 को खारिज कर चुका है।
- चंद हजार पेंशनर्स का मामला: प्रदेश में इस आयु वर्ग के पात्र पेंशनर्स की संख्या करीब 4 से 5 हजार ही है, जिन्हें अभी तक लाभ नहीं मिल पा रहा है।
- एसोसिएशन की मांग: पेंशनर्स वेलफेयर एसोसिएशन के प्रदेश अध्यक्ष आमोद सक्सेना और संरक्षक गणेश दत्त जोशी ने मांग की है कि सरकार बुजुर्गों को व्यक्तिगत रूप से अदालत जाने के लिए मजबूर करने के बजाय सभी पात्र पेंशनर्स पर यह आदेश समान रूप से लागू करे और एरियर्स का समय-सीमा में भुगतान करे।



