विदिशा जिले की सिरोंज जनपद में हुए 30.18 करोड़ रुपए के बहुचर्चित फर्जी शादी घोटाले में प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने शिकंजा कस दिया है। मामले के मुख्य आरोपी और तत्कालीन जनपद सीईओ शोभित त्रिपाठी से पूछताछ में मिले सुरागों के आधार पर ईडी भोपाल जोनल ऑफिस की टीमों ने मंगलवार को चार जिलों में एक साथ बड़ी कार्रवाई की।
भोपाल, विदिशा, कटनी और छतरपुर में कुल 7 ठिकानों पर एक साथ दबिश दी गई। इस दौरान टीमों ने संपत्ति के दस्तावेज, बैंक खातों के रिकॉर्ड और डिजिटल डिवाइस खंगाले। एजेंसी का मुख्य उद्देश्य यह पता लगाना है कि सरकारी खजाने से निकाले गए 30 करोड़ रुपए किन-किन संपत्तियों और कारोबार में खपाए गए हैं।
शोभित त्रिपाठी को ईडी ने गिरफ्तार कर 3 सितंबर को रिमांड पर लिया था। रिमांड अवधि पूरी होने पर एजेंसी बुधवार को उन्हें भोपाल की विशेष पीएमएलए अदालत में पेश करेगी। पूछताछ के दौरान घोटाले की रकम के लेन-देन, बेनामी संपत्तियों और इसमें शामिल अन्य मददगारों के बारे में कई अहम खुलासे हुए हैं।



