ग्वालियर:
शहर में साइबर अपराधियों के हौसले लगातार बुलंद होते जा रहे हैं। ठगों ने अलग-अलग तरीकों से तीन लोगों को अपना शिकार बनाते हुए उनके बैंक खातों और क्रेडिट कार्ड से कुल मिलाकर लाखों रुपए पार कर दिए हैं। पीड़ितों ने इन मामलों की शिकायत साइबर हेल्पलाइन (1930) पर दर्ज कराई है, जिसके बाद पुलिस ने केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
कैसे दिया वारदातों को अंजाम?
- केवाईसी अपडेट का झांसा (फौदजारा का मोहल्ला): अनिल कुमार जैन (56 वर्ष) को एक अज्ञात नंबर से व्हाट्सएप पर वीडियो कॉल आया। कॉलर ने खुद को एसबीआई (SBI) का बैंककर्मी बताकर क्रेडिट कार्ड की केवाईसी अपडेट करने को कहा। जैसे ही उन्होंने भेजे गए लिंक पर क्लिक किया, उनका मोबाइल एक घंटे के लिए हैक हो गया। इसके बाद उनके क्रेडिट कार्ड से 85,378 रुपए निकल गए।
- फोन-पे ट्रांजेक्शन फेल होने पर ठगी (थाटीपुर): न्यू शकुंतलापुरी निवासी शिवसरन शर्मा (45 वर्ष) भुगतान करते समय ट्रांजेक्शन फेल होने पर जब बैलेंस चेक किया, तो उनके खाते से 29,600 रुपए गायब मिले। आशंका है कि उनका मोबाइल हैक कर यह रकम निकाली गई है। इस मामले में थाटीपुर थाने में एफआईआर दर्ज की गई है।
- बिना ओटीपी शेयर किए खाते से कटे रुपए (हजीरा): मेजर कॉलोनी निवासी जितेंद्र सिंह राजावत (46 वर्ष) के एचडीएफसी (HDFC) बैंक खाते से बिना कोई ओटीपी या लिंक शेयर किए अचानक 64,000 रुपए कट गए। पीड़ित ने थाने पहुंचकर अज्ञात आरोपी के खिलाफ मामला दर्ज कराया है।
साइबर ठगी से बचने के लिए इन बातों का रखें विशेष ध्यान:
- अज्ञात लिंक पर क्लिक न करें: व्हाट्सएप, मैसेज या ईमेल पर आई किसी भी संदिग्ध या अनजान लिंक को कभी न खोलें।
- गोपनीय जानकारी साझा न करें: बैंक कभी भी फोन पर ओटीपी (OTP), सीवीवी (CVV) या पासवर्ड नहीं मांगता है। अपनी निजी जानकारी किसी से शेयर न करें।
- तुरंत करें शिकायत: यदि आपके साथ वित्तीय धोखाधड़ी होती है, तो बिना देर किए तुरंत साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर कॉल करें या cybercrime.gov.in पर रिपोर्ट दर्ज कराएं।




