महंगाई भत्ता (DA) और महंगाई राहत (DR) देने में हो रही देरी के विरोध में इस बार मध्य प्रदेश के कर्मचारी ‘काली दिवाली’ मनाएंगे। राज्य के तृतीय वर्ग कर्मचारी संघ ने सरकार को चेतावनी दी है कि यदि दिवाली से पहले डीए नहीं बढ़ाया गया, तो आंदोलन और तेज किया जाएगा।
कर्मचारियों का कहना है कि केंद्र सरकार और प्रदेश के आईएएस, आईपीएस व आईएफएस अधिकारियों को पहले ही 60% डीए मिल रहा है, जबकि बाकी कर्मचारियों को पिछले 10 महीनों से केवल 58% ही मिल रहा है। कर्मचारी जनवरी 2026 से बढ़ी हुई दरें लागू करने की मांग कर रहे हैं। संघ के महामंत्री उमाशंकर तिवारी ने सवाल उठाया कि 2% डीए बढ़ाने और एरियर देने पर सरकार पर सिर्फ 700 करोड़ रुपए का भार आएगा, जिससे करीब 7.5 लाख कर्मचारियों और 4.5 लाख पेंशनर्स को लाभ मिलेगा, जबकि ‘लाड़ली बहना योजना’ के तहत हर महीने 1834 करोड़ रुपए खर्च किए जा रहे हैं।
पदाधिकारियों का कहना है कि रसोई गैस, पेट्रोल-डीजल, दूध, चावल और दाल जैसी जरूरी चीजों के दाम बढ़ने से आम कर्मचारियों का घरेलू बजट पूरी तरह गड़बड़ा गया है। सरकार का ध्यान आकर्षित करने के लिए कर्मचारियों ने हाल ही में शासकीय केंद्रीय मुद्रणालय के डाक भवन के सामने जोरदार प्रदर्शन भी किया है।



