जबलपुर। आरटीओ भ्रष्टाचार और मनी लॉन्ड्रिंग मामले के मुख्य आरोपी, करोड़पति पूर्व आरक्षक सौरभ शर्मा को जबलपुर हाईकोर्ट से कोई राहत नहीं मिली है। जस्टिस विशाल मिश्रा की एकल पीठ ने शुक्रवार को उसकी 60 दिनों की अस्थायी जमानत याचिका को खारिज कर दिया।
सौरभ ने अपनी पत्नी की सर्जरी और दो बच्चों की देखभाल का हवाला देते हुए मानवीय आधार पर 60 दिन की मोहलत मांगी थी। सुनवाई के दौरान कोर्ट ने पूर्व में खारिज की गई नियमित जमानत याचिकाओं और मामले की गंभीरता (108 करोड़ की संपत्ति व 51 किलो सोना) को देखते हुए यह फैसला सुनाया। इस आदेश के बाद अब सौरभ शर्मा के फिलहाल जेल से बाहर आने की उम्मीदें खत्म हो गई हैं।




