छतरपुर:
गढ़ीमलहरा थाना क्षेत्र में अवैध संबंध और लिव-इन रिलेशनशिप के विवाद ने खूनी रूप ले लिया। पत्नी के चार साल से प्रेमी के साथ रहने से नाराज पति ने अपने नाबालिग बेटे के साथ मिलकर प्रेमी पर लाठी-डंडों से जानलेवा हमला कर दिया। ग्वालियर मेडिकल कॉलेज में सात दिन तक जिंदगी और मौत से जूझने के बाद घायल प्रेमी की इलाज के दौरान मौत हो गई। पुलिस ने आरोपी पति को पहले ही जेल भेज दिया है, जबकि फरार नाबालिग बेटे की तलाश की जा रही है।
मूल रूप से उत्तर प्रदेश के महोबा जिले के श्रीनगर थाना क्षेत्र का रहने वाला सरजू कुशवाहा अपनी पत्नी और दो बच्चों के साथ रहता था। सरजू की पत्नी का गांव के ही संदीप यादव से प्रेम-प्रसंग चल रहा था। शुरुआत में छिपकर मिलने वाली महिला करीब चार साल पहले पति और बच्चों को छोड़कर संदीप के साथ खुले तौर पर लिव-इन रिलेशन में रहने लगी थी। एक ही गांव और मोहल्ले में रहने के कारण सरजू और उसके बच्चों को इस बात से लगातार सामाजिक ताने सुनने पड़ते थे, जिससे वे काफी आहत और नाराज थे।
इसी रंजिश के चलते 24 अक्टूबर की शाम 39 वर्षीय सरजू और उसके नाबालिग बेटे ने मिलकर संदीप यादव पर लाठी-डंडों से ताबड़तोड़ हमला कर दिया, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया। उसे पहले जिला अस्पताल और फिर हालत गंभीर होने पर ग्वालियर मेडिकल कॉलेज रेफर किया गया था, जहां इलाज के दौरान उसकी सांसें थम गईं। थाना प्रभारी ओशो गुप्ता ने बताया कि मेडिकल कॉलेज से पोस्टमार्टम रिपोर्ट और मर्ग डायरी मिलने के बाद मामले में हत्या की धारा जोड़ी जाएगी, और फरार चल रहे नाबालिग आरोपी को भी जल्द गिरफ्तार कर लिया जाएगा।



