भोपाल के हबीबगंज इलाके में 2 दिन पहले 55 हजार रुपए नकद और एक्टिवा लूटने वाले तीन आरोपियों को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। फरियादी जिस महिला से उधार दी रकम लेकर लौट रहा था, उसी के भाई और साथियों ने लूट की वारदात की। पुलिस ने लूटी गई रकम और एक्टिवा जब्त कर ली है।
एडिशनल डीसीपी शैलेंद्र सिंह चौहान ने बताया-
“शाहपुरा के रोहित नगर में 44 वर्षीय लोकेंद्र गोड़िया रहते हैं। एक कारोबारी की फर्म में कर्मचारी हैं। वे 26 फरवरी को सुबह उधार के 55 हजार रुपए लेकर लौट रहे थे। 12 नंबर स्टॉप के पास 2 युवकों ने उन्हें रुकने का इशारा किया। जैसे ही उन्होंने गाड़ी धीमी की आरोपियों ने उन्हें लात मारकर गिरा दिया। इसके बाद वे मारपीट कर एक्टिवा लेकर भाग निकले।„
लोकेंद्र ने घटना की सूचना अपने मालिक को दी और बाद में पुलिस में शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने अज्ञात आरोपियों के खिलाफ लूट का मामला दर्ज कर जांच शुरू की थी।

मुखबिर की सूचना पर की कार्रवाई एडिशनल डीसीपी ने बताया कि वारदात के बाद मुखबिर तंत्र सक्रिय किया था। दो दर्जन से अधिक कैमरों के फुटेज खंगाले गए। इसी बीच रविवार को मुखबिर से सूचना मिली कि विकास मंसारे गड्ढे वाली मल्टी हबीबगंज में रहता है। वह लूटपाट की बातें कर रहा है और शराब में अधिक पैसा खर्च कर रहा है। तब उसे हिरासत में लिया। पूछताछ में उसने लूटपाट की वारदात को अंजाम देने की बात स्वीकार की।
मोहल्ले के दोस्तों के साथ रखी साजिश उसने पुलिस को बताया कि मोहल्ले में रहने वाले नसीम ने बताया था कि उसकी बहन एक युवक को उधार लिए 55 हजार रुपए चुकाने वाली थी। रकम देने के बाद घेरकर उसे लूटना है। योजना में उसने मोहल्ले में ही रहने वाले पियूष ठाकरे (21) को भी शामिल कर लिया। पियूष और मैने वारदात को अंजाम दिया। जबकि रकम लेकर निकलने की जानकारी नसीम ने कॉल पर दी थी। घटना के समय वह पास ही खड़ा था।




