इंदौर | शहर के सबसे सुरक्षित माने जाने वाले एयरपोर्ट रोड इलाके में मंगलवार शाम फिल्मी अंदाज में हुई एक वारदात ने सनसनी फैला दी। दिल्ली से शादी समारोह से लौटे एक बुजुर्ग दंपति को सिरफिरे युवक ने उनकी ही टैक्सी में बंधक बना लिया। करीब आधे घंटे तक चली मौत और जिंदगी की इस जंग में दंपति ने गजब का साहस दिखाया, जिसके चलते आरोपी सलाखों के पीछे पहुँच सका।
लिफ्ट के बहाने ड्राइवर को बाहर फेंका
रिटायर्ड बैंक अधिकारी अनिल शुक्ला (66) और उनकी पत्नी रेखा शुक्ला एयरपोर्ट से टैक्सी लेकर घर जा रहे थे। सुपर कॉरिडोर के पास आरोपी अमन पाल ने कार रुकवाई और ड्राइवर पर पेचकस से हमला कर उसे नीचे फेंक दिया। इसके बाद वह खुद ड्राइविंग सीट पर बैठ गया और गाड़ी गांधी नगर की ओर दौड़ा दी।
चलती कार में संघर्ष और एक्सीडेंट
आरोपी ने दंपति के साथ पेचकस से मारपीट की और उनके मोबाइल छीन लिए। जान पर संकट देख अनिल शुक्ला और उनकी पत्नी आरोपी से भिड़ गए। इसी छीना-झपटी के दौरान कार अनियंत्रित होकर एक बिजली के पोल से टकरा गई। धमाका सुनकर जुटे स्थानीय लोगों ने तुरंत तत्परता दिखाई और आरोपी को दबोच लिया।
पुलिस की कार्यप्रणाली पर उठे सवाल
इस गंभीर मामले में खाकी की संवेदनहीनता भी सामने आई। सीमा विवाद (गांधी नगर और हातोद थाना) के चक्कर में गांधी नगर टीआई अनिल यादव ने शुरुआती तौर पर जिम्मेदारी लेने से इनकार कर दिया। वरिष्ठ अधिकारियों के हस्तक्षेप के बाद मामला दर्ज हुआ। फिलहाल घायल अनिल शुक्ला का निजी अस्पताल में उपचार जारी है और आरोपी पुलिस की गिरफ्त में है।




