भोपाल: साल 2019 में राजधानी के चर्चित मनुआभान टेकरी दुष्कर्म और हत्याकांड में अदालत ने बुधवार को बड़ा फैसला सुनाया। विशेष न्यायाधीश कुमुदिनी पटेल की अदालत ने मुख्य आरोपी अविनाश साहू और जस्टिन राज को दोषी करार देते हुए ‘शेष प्राकृतिक जीवन’ तक सश्रम आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। दोनों दोषियों पर 8-8 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया गया है।
क्या था मामला?
30 अप्रैल 2019 को आठवीं कक्षा की एक छात्रा अपनी बुआ और उसके मित्र अविनाश के साथ मनुआभान टेकरी घूमने गई थी। वहां आरोपियों ने नाबालिग के साथ दुष्कर्म कर पत्थर से सिर कुचलकर उसकी नृशंस हत्या कर दी थी। शव को 100 फीट गहरी खाई में छिपाकर आरोपी खुद उसे ढूंढने का नाटक करते रहे।
सीबीआई की क्लीन चिट को अदालत ने नकारा
पुलिस की जांच के बाद राज्य सरकार ने मामले को सीबीआई को सौंपा था, लेकिन सीबीआई ने आरोपियों को क्लीन चिट देते हुए क्लोजर रिपोर्ट लगा दी थी। हालांकि, अदालत ने इस रिपोर्ट को सिरे से खारिज कर दिया और साक्ष्यों के आधार पर सुनवाई जारी रखी। अंततः डीएनए रिपोर्ट, मेडिकल साक्ष्यों और गवाहों के आधार पर अदालत ने दोनों को दोषी मानते हुए उम्रकैद की सजा सुनिश्चित की।




