भोपाल। राजधानी के जिला पंचायत कार्यालय में शुक्रवार को राष्ट्रीय पंचायती राज दिवस मनाया गया, जिसमें बेहतर काम करने वाली पंचायतों और अधिकारियों को सम्मानित किया गया। हालांकि, कार्यक्रम में अधिकांश निर्वाचित सदस्यों की गैरमौजूदगी चर्चा का विषय बनी रही।
इन्हें मिला सम्मान
फंदा जनपद सीईओ शिवानी मिश्रा को उनके उत्कृष्ट कार्यों के लिए प्रशंसा पत्र और प्रतीक चिह्न देकर सम्मानित किया गया। इसके साथ ही, जिले की 96 पंचायतों में से टैक्स वसूली में अव्वल रहने वाली 10 ग्राम पंचायतों को भी पुरस्कृत किया गया।
सम्मानित पंचायतें: बागरोदा, मुबारकपुर, महावड़िया, छावनी पठार, कान्हा सैंया, झागरिया खुर्द, मुंगालिया कोट, खजूरी सड़क, पड़रिया सांकल और पिपलिया झार पीर।
कुर्सियां खाली देख सरपंचों में नाराजगी
कार्यक्रम में जिला पंचायत उपाध्यक्ष मोहन सिंह जाट और सीईओ ईला तिवारी ने पुरस्कार वितरित किए। खास बात यह रही कि अध्यक्ष रामकुंवर गुर्जर समेत 10 में से 9 सदस्य नदारद रहे। गरिमामय कार्यक्रम में जनप्रतिनिधियों के न आने से वहां मौजूद सरपंचों और सचिवों में नाराजगी देखी गई।
साधारण सभा की बैठक टली
सम्मान समारोह के साथ ही शुक्रवार को होने वाली जिला पंचायत की साधारण सभा और सामान्य प्रशासन समिति की बैठक भी निरस्त कर दी गई। इस बैठक में स्वास्थ्य, शिक्षा और कृषि जैसे 15 महत्वपूर्ण विभागों पर चर्चा होनी थी। बताया जा रहा है कि सदस्य प्रतिनिधियों (पतियों/रिश्तेदारों) की एंट्री को लेकर चल रहे विवाद के कारण सदस्यों ने दूरी बनाई है, जिससे विकास कार्यों की समीक्षा अटक गई है।




