भोपाल के हनुमानगंज इलाके में रहने वाले एक पेंटिंग ठेकेदार ने फांसी लगाकर सुसाइड कर लिया। घटना शुक्रवार रात की है। आत्महत्या से पहले वह घर में अकेले थे। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पीएम के लिए रवाना किया। शनिवार को पोस्टमार्टम के बाद बॉडी परिजनों को सौंप दी गई। सुसाइड नोट नहीं मिलने से आत्महत्या के सही कारणों का खुलासा नहीं हो सका है। हालांकि परिजनों ने पुलिस पूछताछ में पत्नी की मौत के बाद से डिप्रेशन में होने की बात बताई है।
वसीम खान (40) पुत्र अब्दुल रशीद खान, सलीम चौक काजीकैंप के रहने वाले थे। वह पेंटिंग ठेकेदारी करते थे। शुक्रवार की रात को घर में अकेले थे। इसी बीच उन्होंने अपने बेडरूम में रस्सी का फंदा बनाकर खिड़की की ग्रिल के सहारे फांसी लगा ली।

पत्नी की मौत के बाद से डिप्रेशन में थे
मृतक के साले वसीम अहमद ने बताया कि बहन की मौत के बाद से जीजा डिप्रेशन में रहने लगे थे। उनकी दो बेटियों की शादी हो चुकी है। जबकि छोटी बेटी हमारे साथ रहती है। घटना के समय जीजा वसीम की मां पड़ोस में गई थीं। बेटा काम पर गया हुआ था। रात करीब 9:30 बजे मां ने लौटकर देखा तो जीजा फंदे पर लटके दिखाई दिए।
पड़ोसियों की मदद से फंदे से उतारा
मृतक की मां ने शोर मचाकर पड़ोसियों को मदद के लिए बुलाया। पड़ोसियों की मदद से शव को फंदे से उतारा। हालांकि तक तक उनकी मौत हो चुकी थी। पिछले कई दिनों से वसीम ने काम भी छोड़ रखा था।




