Thursday, October 8, 2026
31.1 C
Bhopal

बेहोश महिला को मरा समझकर मॉर्चुरी के फ्रीजर में रखा

भोपाल के हमीदिया हॉस्पिटल में शनिवार रात एक्सीडेंट में घायल महिला की मौत के बाद उसके परिजन ने जमकर हंगामा किया। महिला के पति का आरोप है कि डॉक्टरों की लापरवाही से उसकी जान चली गई। बेहोश पत्नी को मृत समझकर मॉर्चुरी के फ्रीजर में रख दिया गया।

पति ने दावा किया कि, वह खुद पैरामेडिकल स्टाफ से है। मॉर्चुरी में फ्रीजर में रखी पत्नी को चेक किया तो बॉडी गर्म थी। उसकी नब्ज चल रही थी। हंगामा करने पर डॉक्टरों ने चेक किया, तब तक देर हो चुकी थी। पत्नी की मौत हो गई।

इस मामले में थाना कोहेफिजा में शिकायत की गई है। पुलिस ने आवेदन लेकर जांच का भरोसा दिया है।

मायके से लौटते समय हुआ था हादसा

मृतक का नाम रामकुंवर अहिरवार (38) पति तुलाराम अहिरवार है। वह रत्न कॉलोनी करोंद की रहने वाली थी। उसके पति तुलाराम ने बताया कि मकर संक्रांति पर पत्नी बैरसिया स्थित मायके नहीं जा सकी थी। लिहाजा शुक्रवार को वह एक्टिवा पर सवार होकर बेटा लखन (14) और बेटी खुशबू (12) के साथ बैरसिया गई।

पति ने बताया कि पत्नी एक दिन, एक रात वहीं रुकी। शनिवार की शाम को घर लौट रही थीं। तभी नेपानिया गांव में उसकी एक्टिवा स्लिप हो गई। हादसे में घायल बच्चों और पत्नी को एम्बुलेंस से हमीदिया अस्पताल लाया गया। पति ने बताया कि मुझे इस बात की जानकारी नहीं है कि पत्नी का एक्सीडेंट किसी वाहन की टक्कर से हुआ या वह खुद स्लिप हुई।

बेहोश पत्नी को डॉक्टरों ने मृत समझ लिया महिला के पति तुलाराम अहिरवार ने बताया कि हमीदिया हॉस्पिटल में बेहोश पत्नी को डॉक्टरों ने मृत समझ लिया। जबकि उसके शरीर पर किसी तरह की गंभीर चोट नहीं थी। उसे तत्काल मॉर्चुरी में रखवा दिया गया। हादसे की सूचना के बाद मैं हमीदिया पहुंचा, पत्नी के संबंध में पूछा तो किसी ने जवाब नहीं दिया। बच्चों को भी तब तक इलाज नहीं दिया गया था। बाद में किसी ने बताया कि, पत्नी की मौत हो चुकी है, उसके शव को मॉर्चुरी में रखा है। मैं अंदर गया और फ्रीजर खोलकर पत्नी को चेक किया। तब पत्नी को फ्रीजर में रखे काफी देर चुकी थी। इसके बाद भी शव गरम था, उसकी धड़कन चल रही थी।

मैं खुद एम्स में पैरामेडिकल स्टाफ में हूं। मुझे यकीन था कि पत्नी जिंदा है, शोर मचाता रहा। तब आधे से पौन घंटे के बाद डॉक्टर दोबारा चेक करने आए और पत्नी को मृत घोषित कर दिया। समय अधिक हो चुका था, आखिर वह कितनी और देर जिंदा रहती। हमीदिया हॉस्पिटल के डॉक्टर्स के कारण मेरी पत्नी की जान गई है।

इमरजेंसी वार्ड के बाहर परिजनों का हंगामा मामले की जानकारी मिलते ही मृतका के परिजन इमरजेंसी वार्ड के बाहर जमा हो गए। डॉक्टरों पर कार्रवाई की मांग को लेकर हंगामा किया। लोग चक्काजाम करने की धमकी दे रहे थे। तभी मौके पर पुलिस पहुंची और भीड़ को समझाइश दी।

टीआई बोले- शिकायत की जांच कराएंगे

टीआई विजेंद्र मर्सकोले ने बताया कि, परिजनों ने जिंदा महिला को फ्रीजर में रखने और इसके बाद मौत होने के आरोप लगाए हैं। इसका एक शिकायती आवेदन भी उनकी ओर से दिया गया है। आवेदन की जांच कराएंगे। हमीदिया प्रबंधन इस मामले में आधिकारिक बयान नहीं दे रहा है।

Hot this week

ग्वालियर में परिवार नियोजन जागरूकता अभियान शुरू, छह दिनों तक शहर में होंगे नुक्कड़ नाटक और रैलियां

​ग्वालियर: राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन, UNFPA और फैमिली प्लानिंग एसोसिएशन...

पीएम मोदी के सार्वजनिक जीवन के 25 वर्ष: भोपाल के रवींद्र भवन में गूंजा विकसित भारत का संकल्प

​भोपाल: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सार्वजनिक जीवन के 25 वर्ष...

सौतेली बेटी के गले पर कटर से हमला करने वाले पिता को 7 साल की सजा

​भोपाल: राजधानी के कोहेफिजा थाना इलाके में अपनी ही सौतेली...

गुना के लापता कोर्ट कर्मचारी का शव विदिशा में खेत पर फंदे से लटका मिला

​गुना/विदिशा: गुना जिला न्यायालय में कार्यरत कोर्ट कर्मचारी मनीष बाथम...

Topics

सौतेली बेटी के गले पर कटर से हमला करने वाले पिता को 7 साल की सजा

​भोपाल: राजधानी के कोहेफिजा थाना इलाके में अपनी ही सौतेली...

गुना के लापता कोर्ट कर्मचारी का शव विदिशा में खेत पर फंदे से लटका मिला

​गुना/विदिशा: गुना जिला न्यायालय में कार्यरत कोर्ट कर्मचारी मनीष बाथम...

भोपाल के मिसरोद में नवविवाहिता की संदिग्ध मौत: दहेज प्रताड़ना का आरोप

​भोपाल: राजधानी के मिसरोद इलाके में ढाई साल पहले ब्याही...
spot_img

Related Articles

Popular Categories

spot_imgspot_img